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  • 35 सालों से पेट में था बच्चा,ˈ मां को जरा भी अंदाजा नहीं, जांच की तो इस हाल में निकला बेबीˌ

    35 सालों से पेट में था बच्चा,ˈ मां को जरा भी अंदाजा नहीं, जांच की तो इस हाल में निकला बेबीˌ

    गर्भावस्था सबसे खूबसूरत पल होता है। कई महिलाएं इस अनुभव को खुलकर एन्जॉय करती है। जब भी कोई महिला प्रेग्नेंट होती है तो उसे कुछ ही दिनों या महीनों में इसकी खबर लग जाती है। वह इस बात से भलीभाती परिचित रहती है कि उसके पेट में कोई बच्चा पल रहा है। लेकिन आज हम आपको एक ऐसा अनोखा वाक्या सुनने जा रहे हैं जहां एक महिला प्रेग्नेंट हो गई, लेकन उसे सालों तक इसकी खबर ही नहीं थी।

    उसके पेट में करीब 35 सालों से बच्चे का भ्रूण पल रहा था। हालांकि जब उसे पेट में भयंकर दर्द हुआ तो वह डॉक्टर के पास गई। फिर जो हुआ वह बड़ा ही हैरान करने वाला था।

    73 वर्षीय महिला के पेट में हुआ दर्द

    35 सालों से पेट में था बच्चा,ˈ मां को जरा भी अंदाजा नहीं, जांच की तो इस हाल में निकला बेबीˌ

    दरअसल ये हैरान कर देने वाला मामला अल्जीरिया का है। यहां एक 73 वर्षीय महिला के पेट में अचानक बहुत तेज दर्द उठने लगा। ऐसे में वह डॉक्टर के पास पहुंची। जब डॉक्टरों ने उसके पेट दर्द की वजह जानी तो उनके भी होश उड़ गए। उन्होंने पाया कि बुजुर्ग महिला के पेट में कई सालों से सात महीने का भ्रूण मौजूद था। इससे भी हैरत की बात ये थी कि महिला को इस बारे में कोई भी जानकारी नहीं थी।

    अंदर निकला 35 साल पूरा बच्चे का भ्रूण

    मीडिया रिपोर्ट के अनुसार महिला के पेट में पहले भी कई बार दर्द उठा था। उसने डॉक्टरों को दिखाया भी था। लेकिन डॉक्टर्स इस दर्द के पीछे की वजह नहीं पता लगा पाए। अब इस बार जब महिला के पेट में बहुत जोरों का दर्द हुआ तो डॉक्टर ने महिला के पेट की अच्छे से जांच की। इसी दौरान उन्हें महिला के पेट में लगभग 35 साल पुराना 7 माह का भ्रूण मिला। इस भ्रूण से महिला को कोई भी नुकसान नहीं हुआ था।

    भ्रूण बन गया था स्टोन

    babu stone

    महिला के पेट में मौजूद 35 साल पुराना भ्रूण अब स्टोन बन गया था। ऐसे में डॉक्टरों ने इसे ‘बेबी स्टोन’ बताया। महिला की जांच में डॉक्टरों को पता चला कि इस बेबी स्टोन का वजन 4.5 पाउंड यानी 2 किलो तक था। इस स्थिति को डॉक्टरों ने लिथोपेडियन (Lithopedion) बतलाया।

    डॉक्टर्स कहते हैं कि ये तब होता है जब जब प्रेग्नेंसी गर्भाशय के बजाय पेट में बनती है। बच्चे में निरंतर खून की कमी के चलते भ्रूण विकसित नहीं हो पाता है। इस कारण भ्रूण को बाहर निकालने का कोई तरीका नहीं होता है। ऐसे में भ्रूण धीरे-धीरे स्टोन में बदलने लगता है। यही वजह है कि महिला के पेट में मौजूद भ्रूण को ‘बेबी स्टोन’ कहा गया। इसी के चलते महिला के पेट में भयानक दर्द महसूस हुआ था।

    जरा सोचिए आपके पेट में 35 साल से आपका मरा हुआ बच्चा था और आपको अचानक ये बात पता चले तो आपको कैसा लगेगा? यकीनन इस खबर से आप हैरान रह जाएंगे। इस महिला के साथ भी यही हुआ। वह इस बात को सुन दंग रह गई।

  • पहले की चोरी, फिर लौटा गए साराˈ सामान, माफीनामा लिख कहा गलती हो गई, जाने पूरा मामलाˌ

    पहले की चोरी, फिर लौटा गए साराˈ सामान, माफीनामा लिख कहा गलती हो गई, जाने पूरा मामलाˌ

    पहले की चोरी, फिर लौटा गए साराˈ सामान, माफीनामा लिख कहा गलती हो गई, जाने पूरा मामलाˌ

    आमतौर पर जब चोर चोरी करता है तो चोरी का सामान बेच देता है या खुद रख लेता है। लेकिन उत्तर प्रदेश के बांदा जिले के बिसंडा थाना क्षेत्र में एक गजब की चोरी का मामला सामने आया है। यहां चोरों को चोरी करने के बाद पता चला कि उन्होंने एक गरीब के घर चोरी की है। ऐसे में वह एक माफीनामा के साथ चोरी का सारा सामान लौटा गए। अब यह अनोखी चोरी इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है।

    गरीब शख्स की दुकान में हुई चोरी

    जिस शख्स के घर चोरी हुई थी उसका नाम दिनेश तिवारी है। वह एक गरीब शख्स है। उसने 40 हजार रुपए का कर्ज लेकर वेल्डिंग की एक दुकान खोली थी। हालांकि जब वह दुकान पहुंचा तो ताला टूटा मिला। दुकान के अंदर का सारा सामान भी गायब था। ऐसे में दिनेश ने बिसंडा थाने में चोरी की सूचना दी। हालांकि वहां दरोगा के न होने के चलते केस दर्ज नहीं हुआ।

    चोरों ने वापस किया सामान

    इस घटना को दो ही दिन हुआ थे कि फिर पता चला चोरी हुआ सामान गांव में एक खाली जगह पर पड़ा हुआ है। ये सामान खुद चोर ही रख गए थे। दरअसल चोरी करने के बाद चोरों को जानकारी लगी कि दिनेश तिवारी बहुत गरीब है। ऐसे में चोरों का दिल पिघल गया और उन्होंने सामान लौटा दिया। इतना ही नहीं समान वापस करत समय चोर काफी भावुक भी हो गए। इसलिए उन्होंने एक पर्ची लिखकर दिनेश तिवारी से माफी भी मांगी।

    चिट्ठी लिख मांगी माफी

    चोरों ने पर्ची में लिखा “यह दिनेश तिवारी का सामान है. हमें बाहरी आदमी से आपके बारे में जानकारी हुई। हम सिर्फ उसे जानते हैं जिसने लोकेशन दी कि वह कोई मामूली आदमी नहीं है। पर जब हमें जानकारी हुई तो हमें बहुत दुःख हुआ। इसलिए हम आपका सामान वापस देते हैं। गलत लोकेशन की वजह से हमसे गलती हुई।”

    Thife

    घटना से SHO भी हैरान

    जब इस घटना की जानकारी बिसंडा थाने के SHO को लगी तो वह भी हैरान रह गए। उन्होंने कहा कि ये हंसी की बात है कि कोई चोर कहीं से चोरी करे और सामान लौटा जाए। मैंने अपने इतने वर्षों की नौकरी में पहले कभी ऐसा कुछ नहीं देखा। ये बहुत ही फिल्मी बात है।

    सामान मिला तो खुश हुआ गरीब दुकान वाला

    उधर दिनेश तिवारी को जब उनका सामान वापस मिला तो वे बहुत खुश दिखाई दिए। उन्होंने बताया कि चोर दुकान से 2 वेल्डिंग मशीन, 1 बड़ी कटर मशीन, 1 तौलने वाली मशीन, 1 ग्लेंडर और 1 ड्रिल मशीन चोरी करके ले गए थे। लेकिन अब उन्होंने सारा सामान लौटा दिया है। एक पर्चे में माफी भी मांगी है। मेरा सामान मुझे मिल गया मैं तो बस इसी बात से खुश हूँ। ऊपरवाले ने मेरी  रोजी-रोटी बचा ली।

  • बाथरूम की दीवार बन गई थी डरावनीˈ आवाज़ का बसेरा, जब दीवार टूटी फिर पता चली सच्चाईˌ

    बाथरूम की दीवार बन गई थी डरावनीˈ आवाज़ का बसेरा, जब दीवार टूटी फिर पता चली सच्चाईˌ

    बाथरूम की दीवार बन गई थी डरावनीˈ आवाज़ का बसेरा, जब दीवार टूटी फिर पता चली सच्चाईˌ

    कहने को तो हमने काफी तरक्की कर ली है और भौतिकवादी इस युग में हम कहाँ से कहाँ तक पहुँच गए हैं, लेकिन कुछ बातें ऐसी हैं जो कई बार हमें सोचने पर मजबूर कर देती है। जी हां सोचिए हमने तरक्की के नाम पर कितने जीव-जंतुओं का नुकसान पहुँचा दिया है, लेकिन व्यक्ति के पास इतना सोचने का समय ही कहाँ?

    व्यक्ति तो तभी किसी विषय पर सोचता है जब उसके हित प्रभावित हो रहें। वहीं यह तो आप सभी को मालूम ही होगा कि हम लोग आए दिन अपने स्वार्थ के लिए कितने लोगों का नुकसान करते जा रहे हैं। एक छोटा सा उदाहरण ही लीजिए। जी हां लोग अपना घर बनाने के लिए जानवरों और पक्षियों की जगहों को भी कुचलते जा रहे हैं।

    ऐसे में अन्य जीवों के पास रहने के लिए जगह नहीं बचती और ऐसे में जीव भी अपने ठिकाने की तलाश में इंसानों के घरों में रहने के लिए चले आते हैं और हाल ही में अमेरिका के एक घर में एक शख्स ने अपने बाथरूम में लगी टाइल (Bee Nest Found Behind Bathroom Tile) हटाकर देखा तो उसके पीछे उसे सैंकड़ों जीव नजर आए। आइए जानते हैं इसी से जुड़ी कहानी…

    गौरतलब हो कि द सन में प्रकाशित एक रिपोर्ट के अनुसार फ्लोरिडा के सेंट पीटर्सबर्ग (St. Petersburg, Florida) में एक शख्स के घर में बाथरूम की दीवार से कुछ झन्नाने (Buzzing Sound Behind Wall in Bathroom) की आवाज आ रही थी। पहली दफा तो यह आवाज मच्छरों के एक झुंड के उड़ने जैसी मालूम पड़ती थी, लेकिन यह आवाज इतनी सामान्य भी नहीं थी।

    जिसे इग्नोर किया जा सकें। मालूम हो कि यह आवाज इतनी ज्यादा डिस्टर्बिंग थी कि शख्स ने जब अपने बाथरूम की कुछ टाइल्स को तोड़ कर देखा तो उसके होश उड़ गए और होश उड़ने के पीछे एक जबरदस्त कारण था, जिसकी हम सभी सहज कल्पना भी नहीं कर सकते।

    बता दें कि जब व्यक्ति ने दीवार तोड़कर देखा तो उसके पीछे मधुमक्खियों का एक छत्ता था। वहीं मधुमक्खियों की एक्सपर्ट एलिशा बिक्सलर ने बताया कि मक्खियों का 7 फीट ऊंचा छत्ता दीवार पर लगी टाइल्स के पीछे बना हुआ था जिसमें सैंकड़ों मधुमक्खियां अपना घर जमाए बैठी थीं और यह वीडियो टिकटॉक पर अब बहुत वायरल हो रहा है।

    Bee Nest Found Behind Bathroom Tile

    वहीं आख़िर में बता दें कि बिक्सलर ने कहा कि छत्ते में काफी मात्रा में शहद भी दिखाई दे रहा था और उन्हें दीवार से 7 फीट ऊंचा छत्ता हटाने में 5 घंटे से ज्यादा का टाइम लगा। इसके अलावा घर के लोगों का कहना है कि वो बाथरूम में से आ रही इन आवाजों से काफी चिंतित थे। कई बार उन्हें मधुमक्खियां दिखाई भी दीं पर उन्हें सहज अंदाजा ही नहीं था कि दीवार के पीछे इतना बड़ा छत्ता होगा।

  • मां नहीं बन पा रही थी पत्नीˈ फिर पति ने अपनाई यह तरकीब एक साल में बीवी बन गई माँˌ

    मां नहीं बन पा रही थी पत्नीˈ फिर पति ने अपनाई यह तरकीब एक साल में बीवी बन गई माँˌ

    मां नहीं बन पा रही थी पत्नीˈ फिर पति ने अपनाई यह तरकीब एक साल में बीवी बन गई माँˌ

    शादी के बाद मां बनना तो हर स्त्री चाहती है। वहीं पति भी ये सुख चाहता है कि वो भी जल्द से जल्द पिता बन जाए। हालांकि कई बार ये मुमकिन नहीं हो पाता है। इसका कारण आजकल ऐसी बीमारियां भी हैं जो महिलाओं को गर्भ धारण करने से रोक देती हैं।

    कुछ ऐसा ही हुआ था रैच और टॉम सुलिवन के साथ जो शादी के कई साल बाद भी माता-पिता नहीं बन पा रहे थे। हालांकि पत्नी की बीमारी पता लगने के बाद पति ने हार नहीं मानी और साल भर के अंदर ही कमाल हो गया।

    पत्नी को थी ये गंभीर बीमारी

    टॉम और रैच की शादी कई साल पहले हुई थी। दोनों ही बच्चा चाहते थे और इस जिम्मेदारी को उठाने के लिए पूरी तरह से तैयार भी थे। इसके बाद उनके सामने दिक्कत पेश आई। दरअसल टॉम की पत्नी को गर्भधारण नहीं हो रहा था।

    शुरुआत में तो उन्होंने इसको सामान्य समस्या समझा लेकिन जब कई साल के बाद भी ऐसा नहीं हो सका तो दोनों ने डॉक्टर को दिखाने का मन बनाया। अस्पताल में डॉक्टर ने टेस्ट किए तो रिपोर्ट में बीमारी निकली। रैच को पीसीओडी नामक गंभीर हार्मोन की बीमारी थी जिसकी वजह से वो प्रेग्नेंट ही नहीं हो पा रही थी।

    पति ने नहीं मानी हार, किया ये काम

    पीसीओडी की समस्या की वजह से महिलाएं प्रेग्नेंट नहीं हो पाती हैं। ये बात टॉम को भी पता थी लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। अस्पताल का चक्कर लगाने के बजाय उन्होंने घर पर ही अपनी पत्नी को ठीक करने की ठानी। इसके लिए उन्होंने पत्नी रैच का खान-पान सुधारने के बारे में विचार किया और अगले दिन से ही उन्होंने इस पर काम करना भी शुरू कर दिया।

    रैच को उन्होंने अपने हाथों से ही घर का खाना खिलाना शुरू किया। उनकी डाइट से सारी अनहैल्दी चीजों को हटा दिया। टॉम ने ताजे फलों से लेकर सब्जियों तक को पत्नी की डाइट में शामिल किया।

     

     

    हार्मोन को संतुलित करते हुए फर्टिलिटी कैसे बूस्ट की जाए इसका ध्यान रखा। ये सारी रेसिपी टाॅम ने अपने इंस्टा अकाउंट में भी शेयर की हैं। उनकी पत्नी फ्लाइट अटेंडेट हैं ऐसे में टॉम ने उनको ऐसी चीजें टिफिन में देनी शुरू कीं जो ट्रैवल करते वक्त भी लंबे वक्त तक फ्रेश रहें।

    एक साल में ही हो गया कमाल

    रैच और टॉम की ये हैल्दी जर्नी पूरे एक साल तक चलती रही। हालांकि इस दौरान कई तरह की दिक्कतें भी आईं। इसके बाद भी दोनों निराश नहीं हुए। बेबी प्लान करने की वजह से कई बार परेशानियां भी होती हैं लेकिन उन्होंने सारी परेशानियों से पार पा लिया। फिर साल भर बाद जो हुआ वो सुनकर आप भी यकीन नहीं करेंगे।

     

     

    टॉम की मेहनत रंग लाई और पीसीओडी जैसी समस्या से जूझ रही रैच बिना किसी दवाइयों के ही मां बन गई। रैच ने अपने इंस्टा अकाउंट में इसकी जानकारी भी दी। दोनों के वीडियो उन लोगों को प्रेरित कर रहे हैं जो किसी मेडिकल समस्या से जूझ रहे हैं और दो से तीन होना चाहता हैं। ऐसे लोगों के लिए ये कपल एक प्रेरणा बनकर उभरे हैं।

  • बाथरूम की दीवार मरम्मत कर रहा थाˈ प्लंबर, अंदर निकले 5 करोड़ रुपए, जाने फिर क्या हुआˌ

    बाथरूम की दीवार मरम्मत कर रहा थाˈ प्लंबर, अंदर निकले 5 करोड़ रुपए, जाने फिर क्या हुआˌ

    बाथरूम की दीवार मरम्मत कर रहा थाˈ प्लंबर, अंदर निकले 5 करोड़ रुपए, जाने फिर क्या हुआˌ

    आज के महंगाई के जमाने में हर कोई अमीर बनने के सपने देखता है। हालांकि करोड़पति बनने के लिए बहुत मेहनत करनी पड़ती है। इसमें काफी समय भी लगता है। फिर किस्मत का साथ देना भी जरूरी होता है। झटपट करोड़पति तो लोग तभी बनते हैं जब वह कोई लॉटरी जीतते हैं या उन्हें कहीं ढेर सारे पैसे पड़े हुए मिल जाते हैं।

    ढेर सारा पैसा देख किसी का भी दिमाग खराब हो सकता है। कोई भी फ्री में मिले पैसे को आसानी से जाने नहीं देता है। हालांकि हर किसी की सोच एक जैसी नहीं होती है।

    अब इस गरीब प्लंबर को ही ले लीजिए। ये प्लंबर एक चर्च में काम के सिलसिले में गया था। यहां दीवार की मरम्मत करने के दौरान उसे दीवार के अंदर 5 करोड़ रुपए मिल गए। इतने सारे पैसों को एक साथ देख प्लंबर डर गया। उसे समझ नहीं आया कि ये पैसे यहां क्या कर रहे हैं।

    हालांकि इसके बाद उसने उन पैसों का जो किया वह हैरान करने वाला था। उस प्लंबर ने सारे पैसे चर्च को लौटा दिए। उसके इस अच्छे कर्म का ईश्वर ने उसे अच्छा फल भी दिया। वह फल क्या था यह जानने के लिए खबर के अंत तक बने रहें।

    प्लंबर को दीवार में मिले 5 करोड़ रुपए

    MONEY in wall

    दीवार के अंदर से 5 करोड़ मिलने की यह अनोखी घटना अमेरिका के टेक्सास की है। एनबीसी न्यूज की एक रिपोर्ट के अनुसार यहां जस्टिन नाम का एक प्लंबर एक चर्च में बाथरूम की दीवार की मरम्मत का काम कर रहा था। इस दौरान उसे एहसास हुआ कि दीवार के अंदर कुछ है।

    ऐसे में जब उसने दीवार के प्लास्टर को निकाला तो अंदर का नजारा देख हैरान रह गया। दीवार के अंदर 5 करोड़ रुपए थे। इन पैसों को देख उसे यकीन नहीं हुआ। उसे लगा इतने सारे पैसे यहां कैसे हो सकते हैं।

    ईमानदारी से लौटा दिए पैसे

    दिलचस्प बात ये रही कि इतने अधिक पैसों को देखकर भी उसका ईमान नहीं डोला। उसने पैसों को अपने पास नहीं रखा, बल्कि इक्सि सूचना चर्च प्रशासन को दे दी। उसकी इस ईमानदारी से चर्च प्रशासन भी बड़ा खुश हुआ। उन्होंने उसे इस ईमानदारी से खुश होकर उन्हीं 5 करोड़ में से कुछ रुपए दे दिए।

    चर्च ने दिया ईमानदारी का इनाम

    चर्च प्रशासन ने बताया कि लगभग सात साल पहले चर्च के ही एक सेफ से चोरी हो गए थे। उन पैसों को बहुत खोजा गया था लेकिन वह नहीं मिले थे। अब ये पैसे बाथरूम की दीवार के अंदर मिले हैं। शायद चोर ने उसे यहां छिपा दिया था।

    फिलहाल चर्च प्रशासन ने प्लंबर की ईमानदारी से खुश होकर उसे ईनाम देने का ऐलान किया है। दीवार से पैसे निकालने के बाद उसी प्लंबर ने फिर से दीवार की मरम्मत कर दी है।

  • नदी में डाला चुंबक तो चिपक गईˈ तिजोरी खोलकर देखा तो चौंक गया युवक जानें फिर क्या हुआ?ˌ

    नदी में डाला चुंबक तो चिपक गईˈ तिजोरी खोलकर देखा तो चौंक गया युवक जानें फिर क्या हुआ?ˌ

    नदी में डाला चुंबक तो चिपक गईˈ तिजोरी खोलकर देखा तो चौंक गया युवक जानें फिर क्या हुआ?ˌ

    हम सभी ने कभी न कभी सपना देखा होगा कि हमको कोई तिजोरी मिल गई। उसके अंदर खजाने या रुपये भरे हुए थे जिसके बाद हम अमीर हो गए। वैसे तो ये सपना ही है लेकिन कभी-कभी ये हकीकत में बदल जाता है। कुछ ऐसा ही इंग्लैंड के पिता-पुत्र के साथ हुआ है। उनके चुंबक में तिजोरी चिपक गई थी।

    तिजोरी को दोनों बाप-बेटों ने खोलने का फैसला किया। जब उन्होंने काफी मेहनत के बाद उसे खोला तो अंदर रखी चीज को देखकर दोनों हैरान हो गए। इसके बाद उन दोनों ने बड़ा फैसला ले लिया। इस तिजोरी को उसके असली मालिक के पास भेज दिया। अब दोनों की ही खूब तारीफ हो रही है।

    विटहैम नदी में मिली तिजोरी

    इंग्लैंड के रहने वाले जॉर्ज टिंडले 15 साल के हैं। वो अपने पिता केविन जो कि 52 साल के हैं, उनके साथ लिंकनशायर के ग्रैंथम में रहते हैं। दोनों को मछलियां पकड़ने का बहुत शौक है। इसके अलावा दोनों एक अजीब शौक भी रखते हैं। ये लोग नदी में चुंबक डाला करते हैं और रहस्यमयी चीजों की तलाश किया करते हैं।

    हाल ही में दोनों पिता-पुत्र विटहैम नदी में मछलियां पकड़ने के लिए गए हुए थे। ये लोग अपने साथ चुंबक भी ले गए थे ताकि कुछ अनोखी चीजों को नदी से चिपकाकर बाहर निकाल सकें। दोनों ने चुंबक को जब नदी में डाला तो अचानक ही उनके चुंबक से कोई भारी चीज चिपक गई। जब बाहर निकाला तो वो तिजोरी थी।

    तिजोरी को खोला तो उड़ गए होश

    दोनों को समझ में नहीं आया कि उनके चुंबक से तिजोरी कैसे चिपक गई। इसके बाद दोनों को जिज्ञासा होने लगी कि आखिर इस तिजोरी के अंदर क्या है। इसके बाद दोनों ने उस तिजोरी को खोलने का फैसला किया। हालांकि तिजोरी को खोलना इतना आसान नहीं था। फिर भी दोनों ने कोशिश करके तिजोरी खोल दी।

    जैसे ही तिजोरी खोली, उसके अंदर रखा सामान देखकर दोनों के होश ही उड़ गए। वो तिजोरी रुपयों से भरी हुई थी। उसके अंदर करीब डेढ़ लाख ऑस्ट्रेलियन मुद्रा पड़ी हुई थी। इतने रुपये देखकर वो हैरान हो गए। जब तिजोरी की और पड़ताल की तो उनको बैंक का कार्ड और एक सर्टिफिकेट भी नजर आया जिसको उन्होंने देखा।

    दोनों ने दिखाई ईमानदारी, लौटा दी तिजोरी

    पिता और पुत्र दोनों ने जब कागजातों को पढ़ा तो उसमें रॉब एवरेट व्यापारी का नाम लिखा था। इसके बाद दोनों ने फैसला किया कि वो इस तिजोरी को उसके असली मालिक तक पहुंचा देंगे। दोनों ही इसे लेकर सीथा रॉब के पास चले गए। जब रॉब ने अपनी तिजोरी और उसमें रखा धन देखा तो वो भी हैरान हो गए।

    रॉब ने बताया कि उनकी ये तिजोरी ऑफिस में रखी हुई थी। साल 2000 में उनके कार्यालय से ही इसकी चोरी हो गई थी। इसके बाद से तिजोरी कहां थी, किसी को पता नहीं लगा था। आखिरकार 22 सालों बाद उनको तिजोरी मिल गई। रॉब ने दोनों की ईमानदारी की तारीफ की। साथ ही उन्होंने कहा कि उनकी एक वेल्थ मैनेजमेंट कंपनी है जिसमें वो जब चाहें जॉब कर सकते हैं।

  • बेटी की पहली जॉब से खुश थाˈ पिता, फिर हाथ लगी बॉस की चिट्ठी तो भड़क गया, छुड़वा दी नौकरीˌ

    बेटी की पहली जॉब से खुश थाˈ पिता, फिर हाथ लगी बॉस की चिट्ठी तो भड़क गया, छुड़वा दी नौकरीˌ

    बेटी की पहली जॉब से खुश थाˈ पिता, फिर हाथ लगी बॉस की चिट्ठी तो भड़क गया, छुड़वा दी नौकरीˌ

    पढ़ाई लिखाई खत्म करने के बाद हर कोई नौकरी की तलाश में भटकने लगता है। जब हमे पहली नौकरी मिलती है तो बहुत खुश होती है। हालांकि मन में ये भी सवाल रहता है कि ऑफिस का माहौल कैसा होगा, वहां के कर्मचारी और बॉस का व्यवहार कैसा रहेगा इत्यादि। कई दफ्तरों में कर्मचारियों के लिए अजीबो-गरीब नियम भी होते हैं।

    कुछ मामलों में ये नियम इतने अजीब होते हैं कि कर्मचारी अपनी जॉब छोड़ने पर मजबूर हो जाते हैं। अब इस महिला को ही ले लीजिए, जिसके बॉस ने उसे जॉब के पहले दिन ऐसी चिट्ठी थमा दी जिसे देख उसके पापा भड़क गए।

    बेटी के बॉस की चिट्ठी देखकर भड़के पिता

    न्यूज़ीलैंड (New Zealand) में रहने वाले एक पिता ने अपनी बेटी की पहली नौकरी लगने से बेहद खुश थे, लेकिन जब उनके हाथ बेटी को बॉस से मिल एक लेटर लगा तो उनकी खुशी गुस्से में बदल गई। इस लेटर में बॉस ने उनकी बेटी के लिए कुछ ऐसी बातें लिखी थी जिसे देख वे भड़क गए।

    इस अजीबो-गरीब चिट्ठी को भड़के हुए पिता ने @essjax नाम के अकाउंट से दुनिया के साथ शेयर किया है। न्यूज़ीलैंड के रीटेलर के यहां उनकी बेटी कर्मचारी बनकर गई थी जहां उसे 11 प्वाइंट की अजीबोगरीब चिट्ठी मिली। इसमें लिखे प्वाइंट देखकर आपक दिमाग भी खराब हो जाएगा।

    नियम-कानून की आड़ में घंघोर बेइज्जती

    job letter

    1. जीवन न्यायपूर्ण नहीं है, इसके लिए रेडी रहें।

    2. दुनिया आपके सेल्फ एस्टीम के बारे में नहीं सोचती। खुद के बारे में अच्छा फील करने से पूर्व भी आप से कुछ उम्मीदें रखी जाती हैं।

    3. हाईस्कूल से निकलते ही आपको करोड़ों की जॉब नहीं मिलती। आप कार और फोन के साथ वाइस प्रेसिडेंट नहीं बनाए जाते।

    4. यदि आपको लगता है कि आपके शिक्षक सख्त थे, तो बॉस के आने का इंतजार कीजिए।

    5. बर्गर पलटने की जॉब को भी कम न समझें, आपके दादा-दादी इस बात को समझते थे।

    6. यदि आप से गलती होती है तो ये आपके पेरेंट्स की गलती नहीं है। आप खुद इससे सीखें।

    7. आपके जन्म से पूर्व आपके पेरेंट्स इतने बोरिंग नहीं थे। वह ज़िम्मेदारियां उठाने के बाद वे ऐसे हुए हैं।

    8. स्कूल में जीत हार से भले फर्क न पड़ता हो, लेकिन लाइफ में पड़ता है।

    9. लाइफ में सेमेस्टर्स नहीं होते, यहां कोई आपकी हेल्प करने में रुचि भी नहीं लेता। आप खुद सोचें क्या करना है।

    10. टेलिविज़न असली जीवन नहीं है। रियल लाइफ में कॉफी शॉप पर नहीं काम पर जाना होता है।

    11. मूर्ख लोगों के साथ भी अच्छे से रहो, क्या पता कल को आपको उनके साथ काम करना पड़ जाए।

    लोगों ने ऐसे किया रिएक्ट

    इस अजीबोगरीब नियम वाली चिट्ठी पर लोगों के रिएक्शन आ रहे हैं। किसी ने कहा कि “इन चीज़ों को एक कर्मचारी को बताने की क्या ज़रूरत है?” वहीं कोई बिला “इनमें से कुछ सुझाव जिंदगी के लिए बहुत अहम है।” वैसे जिस लड़की को याह चिट्ठी मिली थी उसने यह जॉब छोड़ दी है।

  • महिला ने दिया 5.2 KG के बच्चेˈ को जन्म, देखकर डॉक्टर्स भी बोले- पहले नहीं देखा ऐसा बच्चाˌ

    महिला ने दिया 5.2 KG के बच्चेˈ को जन्म, देखकर डॉक्टर्स भी बोले- पहले नहीं देखा ऐसा बच्चाˌ

    मां बनने का सुख दुनिया का सबसे बड़ा सुख माना जाता है। जब कोई महिला गर्भवती होती है तो उसकी खुशी का ठिकाना नहीं रहता है। उसे अपने होने वाले बच्चे का बेसब्री से इंतजार रहता है। प्रेग्नेंसी के दौरान महिला अपने खान पान का अच्छे से ध्यान रखती है। उसकी कोशिश यही होती है कि उसका होने वाला बच्चा सेहतमंद और हेल्थी पैदा हो। आमतौर पर जब कोई बच्चा पैदा होता है तो उसका वजह ढाई किलो से साढ़े तीन किलों के बीच ही रहता है। एक अच्छा हेल्थी बच्ची पैदा होने पर माता पिता भी खुश हो जाते हैं।

    लेकिन आज हम आपको एक ऐसे बच्चे से मिलाने जा रहे हैं जिसका वजह पैदा होते ही पूरे 5 किलो है। पांच किलो वजन एक नवजात बच्चे के लिए बहुत ज्यादा होता है। ऐसे केस कम ही देखने को मिलते हैं जिसमें बच्चे का वजन पांच किलो या उससे अधिक हो। इतने हेवी बच्चे को पैदा करने में थोड़ी दिक्कतें भी आती है। अब असम के कछार जिले की इस महिला को ही ले लीजिए। महिला ने हाल ही में 5.2 किलो वजन के बच्चे को जन्म दिया है।

    महिला ने दिया 5.2 KG के बच्चेˈ को जन्म, देखकर डॉक्टर्स भी बोले- पहले नहीं देखा ऐसा बच्चाˌ

    बच्चे का इतना अधिक वजन देख परिवारवालों के साथ साथ डॉक्टर्स भी हैरान है। 5.2 किलो के बच्चे को जन्म देने वाली महिला का नाम जया दास है। 27 साल की यह महिला 17 जून को कछार जिले के सतींद्र मोहन देव सिविल अस्पताल में एडमिट हुई थी। अस्पताल के डॉक्टर्स का कहना है कि महिला को डिलीवरी की तारीख 29 मई दी गई थी, हालांकि कुछ कारणों से परिवार हॉस्पिटल देरी से आया।

    डॉक्टर हनीफ बताते हैं कि मैं इस महिला को स्टार्टिंग से देख रहा हूँ। मैंने उसे 29 मई को अस्पताल में एडमिट होने का सजेशन दिया था। लेकिन वह 17 जून को प्रसव पीड़ा के साथ हॉस्पिटल आई। ये महिला का दूसरा बच्चा है। इसके पहले उसने पहले बच्चे को सिजेरियन से जन्म दिया था। महिला ने लास्ट सोनोग्राफी भी नहीं कराई थी। यह एक इमरजेंसी थी जिसके चलते उसे हॉस्पिटल में एडमिट किया गया। इसके बाद डॉक्टरों की एक टीम द्वारा सरकारी अस्पताल में मंगलवार को महिला का सिजेरियन ऑपरेशन किया गया।

    born baby

    ऑपरेशन के बाद जब महिला के बच्चे का वजन चेक किया गया तो डॉक्टर्स हैरान रह गए। बच्चे 5.2 किलोग्राम का हुआ। डॉक्टर हनीफ बताते हैं कि हमे भी इस बात का अंदाजा नहीं था कि बच्चा 5.2 किलो वजनी होगा। ये एक अनोखा मामला है। यह एक देर से प्रसव का मामला भी है। फिलहाल मां और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं। डॉक्टर बताते हैं कि असं में सामान्यतः नवजात बच्चे 2.5 से 3 किलो वजन के साथ पैदा होते हैं। ऐसा बहुत कम ही होता है जब किसी बच्चे का वजन 5 किलो हो।

    डॉक्टर आगे कहते हैं कि मैंने इस बारे में कई डॉक्टरों से बात की लेकिन किसी ने इसके पहले ऐसा केस नहीं देखा। जया दास और बादल दास के पहले बच्चे का वजन जन्म के समय 3.8 किलो था। इस बार उनकी दूसरी संतान 5.2 किलो की निकली। उधर सोशल मीडिया पर भी लोग इस खबर से हैरान है।

    वैसे क्या आप ने इसके पहले इतना वजनी बच्चा देखा है?

  • बीवी खाने में पिरियड्स का खून मिलाकरˈ देती है, करती है जादू-टोना, पति शिकायत लेकर थाने पहुंचाˌ

    बीवी खाने में पिरियड्स का खून मिलाकरˈ देती है, करती है जादू-टोना, पति शिकायत लेकर थाने पहुंचाˌ

    बीवी खाने में पिरियड्स का खून मिलाकरˈ देती है, करती है जादू-टोना, पति शिकायत लेकर थाने पहुंचाˌ

    पति-पत्नी के बीच लड़ाई झगड़ा होना आम बात है। हालांकि कई बार लड़ाई की वजह इतनी बड़ी होती है कि बात सीधा थाने तक चली जाती है। कभी पत्नी अपने पति की शिकायत थाने में दर्ज कराती है तो कभी हसबैन्ड अपनी वाइफ की शिकायत लेकर पुलिस के पास पहुँच जाता है। थाने में शिकायत की वजहें बड़ी आम होती है। जैसे पति की मारपीट, दहेज का लालच, लव अफेयर, धोखा इत्यादि। लेकिन उत्तर प्रदेश के गाजियाबद में एक पति अपनी पत्नी की ऐसी शिकायत लेकर पहुंचा जिसे सुन खुद पुलिस भी दंग रह गई।

    खाने में पीरियड्स का खून मिलाकर देती थी पत्नी

    गाजियाबाद में रहने वाले एक पति ने पत्नी पर आरोप लगाया कि वह उसे खाने में पीरियड्स का खून मिलाकर देती है। वह इस शिकायत को लेकर थाने भी जा पहुंचा। उसने पुलिस को बताया कि खाना खाने के बाद उसकी तबीयत खराब हो गई थी। फिर उसने अपना मेडिकल टेस्ट करवाया। टेस्ट में पता चला कि संक्रमण के चलते उसके शरीर में सूजन आई है। पति का कहना है कि उसकी तबीयत इसलिए ही खराब हुई थी क्योंकि उसकी पत्नी ने खाने में पीरियड्स का खून मिलाकर दिया था।

    पति ने दर्ज कराई शिकायत

    दरअसल ये मामला तो पुराना है, लेकिन जानकारी के मुताबिक पति ने जून में थाने में पति की शिकायत दर्ज कराई थी। तब पुलिस अफसरों ने जिला चिकित्सा अधिकारी को लेटर लिखकर इस केस की रिपोर्ट मांगी थी।

    शादी के बाद से ही झगड़ते थे पति-पत्नी

    पति की शिकायत के बाद कवि नगर पुलिस स्टेशन ने पीड़ित की पत्नी और उसकी परिवार के खिलाफ आईपीसी की धारा 328 और 120बी यानी आपराधिक साजिश के तहत केस दर्ज किया था। पति-पत्नी की शादी साल 2015 में हुई थी। दोनों का एक बेटा भी है। हालांकि शादी के बाद से ही पति-पत्नी की आपस में नहीं बनती है। दोनों आए दिन एक दूसरे से झगड़ते रहते हैं।

    पति बोला- पत्नी करती है जादू टोना

    पति ने अपनी शिकायत में यह भी कहा कि उसकी पत्नी अपने सास ससुर से अलग रहना चाहती है। इस बात को लेकर वह आए दिन पति से झगड़ा करती रहती थी। पति का यह भी कहना था कि उसकी पत्नी उसके ऊपर जादू-टोना भी करती थी। पति की शिकायत के बाद पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।

    वैसे इस पूरे मामले में आपकी क्या राय है हमे कमेंट कर जरूर बताएं।

  • बच्चे को उठाकर ले गया तेंदुआ, मांˈ ललकारती हुई अकेले भीड़ गई, जाने फिर क्या हुआ, वीडियो देखेंˌ

    बच्चे को उठाकर ले गया तेंदुआ, मांˈ ललकारती हुई अकेले भीड़ गई, जाने फिर क्या हुआ, वीडियो देखेंˌ

    बच्चे को उठाकर ले गया तेंदुआ, मांˈ ललकारती हुई अकेले भीड़ गई, जाने फिर क्या हुआ, वीडियो देखेंˌ

    मां को अपना बच्चा बहुत प्यारा होता है। वह अपने बच्चे का बड़े नाजों से ख्याल रखती है। उसके ऊपर जरा सी भी आंच नहीं आने देती है। ऐसे में यदि बच्चे पर कोई मुसीबत आन पड़े तो मां अपने जिगर के टुकड़े को बचाने के लिए किसी भी हद तक जा सकती है। बच्चे की खुशी और सलामती के लिए वह इतनी ताकतवर बन जाती है कि हर कोई देखता रह जाता है।

    अब मध्य प्रदेश के सीधी जिले का यह दिल दहला देने वाला मामला ही ले लीजिए। यहाँ एक मां अपने 6 साल के बेटे को बचाने के लिए अकेले ही तेदुंए से भीड़ गई।

    बच्चे को उठाकर ले गया तेंदुआ

    मां की ममता का यह शानदार मामला सीधी जिले के कुसमी ब्लॉक के बाड़ीझरिया गांव का है। यह गांव जंगल और पहाड़ियों से घिरा हुआ है। ऐसे में जंगली जानवरों का यहाँ आना जाना आम बात है। रविवार शाम को यहाँ किरण बैगा नाम की एक महिला अपने बच्चों के साथ घर के बाहर आग जलाकर ताप रही थी। तभी अचानक पीछे से एक तेंदुआ आ गया और महिला के 6 साल के बच्चे राहुल को जबड़े में फंसा कर ले गया।

    मां ने 1 KM तक किया पीछा

    तेंदुआ जैसे ही बच्चे को उठाकर भागा तो मां किरण भी उसके पीछे-पीछे दौड़ पड़ी। महिला ने लगभग एक किलोमीटर तक तेंदुए का पीछा किया। हालांकि फिर तेंदुआ उसकी नजरों से ओझल हो गया। उसने जब चारों तरफ तलाशा तो झाड़ियों में तेंदुआ देख गया। वह बच्चे को पंजे में दबोचे बैठा हुआ था।

    ऐसे छुड़ाया बेटे को तेंदुए के चंगुल से

    बच्चे को इस तरह मुसीबत में देख महिला का गुस्सा सातवे आसमान पर जा पहुंचा। उसने डंडा उठाया और तेंदुए को मारना शुरू कर दिया। वह बहुत देर तक तेंदुए को मारती रही। चारों तरफ घूम उसे ललकारती रही। फिर अचानक बच्चा तेंदुए के पंजे से गिर गया। महिला ने तुरंत अपने बच्चे को उठाया और शोर मचाकर ग्रामीणों को बुला लिया। भीड़-भाड़ देख तेंदुआ फिर जंगल की तरफ भाग निकला।

    बच्चे की आंख में आई गंभीर चोट

    बाद में ग्रामीणों ने इस घटना की सूचना संजय टाइगर रिजर्व को दी। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर आ पहुंची। उन्होंने घायल महिला और बच्चे को तुरंत हॉस्पिटल पहुंचाया। दुखद बात ये रही कि तेंदुए के हमले के चलते बच्चे की पीठ और एक आंख में गंभीर चोट आई है। दूसरी तरफ बच्चे की मां की बॉडी पर चोट के कुछ निशान है।

    वन विभाग ने किया महिला की बहादुरी को सलाम

    महिला ने तेंदुए के सामने जिस तरह की बहादुरी दिखाई वह काबिलेतारीफ है। यदि कोई और होता तो शायद इतनी बहादुरी से तेंदुए का सामना नहीं कर पाता। यह महिला की बहादुरी ही थी जो उसने समय रहते अपने बच्चे की जान बचा ली, वरना तेंदुआ उसके बच्चे को चट कर जाता। अब वन विभाग के अधिकारी और गांव के सभी लोग भी महिला की बहादुरी को सलाम कर रहे हैं।