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  • PM मोदी के बाद कौन बनेगा प्रधानमंत्री?ˈ ज्योतिष के अनुसार इन 3 नेताओं की किस्मत चमक रही है

    PM मोदी के बाद कौन बनेगा प्रधानमंत्री?ˈ ज्योतिष के अनुसार इन 3 नेताओं की किस्मत चमक रही है

    PM मोदी के बाद कौन बनेगा प्रधानमंत्री?ˈ ज्योतिष के अनुसार इन 3 नेताओं की किस्मत चमक रही है

    भारत की सियासत में इन दिनों एक सवाल हर किसी के मन में कौंध रहा है- नरेंद्र मोदी के बाद देश की बागडोर कौन संभालेगा? जहां राजनीति के जानकार अपने-अपने कयास लगा रहे हैं, वहीं ज्योतिष की दुनिया भी इस रहस्य को सुलझाने में पीछे नहीं है।

    ग्रह-नक्षत्रों की चाल और कुंडली के खेल के आधार पर तीन बड़े नेताओं के नाम सामने आ रहे हैं, जिनके सितारे इस वक्त बुलंदी पर नजर आते हैं। आइए, इस रोचक सवाल का जवाब तलाशते हैं और जानते हैं कि ज्योतिष की नजर में अगला प्रधानमंत्री बनने की दौड़ में कौन सबसे आगे है।

    सियासत और सितारों का अनोखा मेल

    भारतीय राजनीति में ज्योतिष का दखल कोई नई बात नहीं है। प्राचीन काल से ही राजा-महाराजा अपने फैसलों के लिए ज्योतिषियों की सलाह लेते थे, और आज भी यह परंपरा कायम है। नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बीजेपी ने पिछले एक दशक में शानदार प्रदर्शन किया है, लेकिन अब सवाल यह है कि उनके बाद पार्टी किसे अपना चेहरा बनाएगी? ज्योतिषाचार्यों का कहना है कि ग्रहों की स्थिति और नक्षत्रों की चाल कुछ खास नेताओं के पक्ष में है। इनमें से तीन नाम सबसे ज्यादा चर्चा में हैं, जिनकी कुंडली में सत्ता और सफलता के योग बनते दिख रहे हैं।

    पहला दावेदार: योगी आदित्यनाथ

    उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नाम इस सूची में सबसे ऊपर लिया जा रहा है। ज्योतिषियों के मुताबिक, उनकी कुंडली में शनि और गुरु की मजबूत स्थिति उन्हें नेतृत्व के लिए मजबूत दावेदार बनाती है। योगी की सख्त छवि और हिंदुत्व की राजनीति उन्हें बीजेपी कार्यकर्ताओं के बीच लोकप्रिय बनाती है। ग्रहों की दशा बताती है कि अगले कुछ साल उनके लिए सुनहरे हो सकते हैं, और अगर सितारे मेहरबान रहे तो वह देश के शीर्ष पद तक पहुंच सकते हैं। क्या योगी का कद अब राष्ट्रीय स्तर पर और बड़ा होने वाला है? यह सवाल हर किसी के मन में है।

    दूसरा नाम: नितिन गडकरी

    बीजेपी के कद्दावर नेता और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी इस दौड़ में पीछे नहीं हैं। उनकी कुंडली में सूर्य और मंगल की शुभ स्थिति उन्हें एक कुशल प्रशासक और दूरदर्शी नेता के रूप में पेश करती है। गडकरी ने सड़क परिवहन और बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में शानदार काम किया है, जिसकी वजह से उनकी साख पार्टी के अंदर और बाहर दोनों जगह मजबूत है। ज्योतिषियों का मानना है कि उनकी मेहनत और ग्रहों का साथ उन्हें अगले प्रधानमंत्री की कुर्सी तक ले जा सकता है। क्या गडकरी का सादगी भरा अंदाज सत्ता की सीढ़ी चढ़ेगा? यह देखना दिलचस्प होगा।

    तीसरा दावेदार: अमित शाह

    केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को बीजेपी का चाणक्य कहा जाता है। उनकी रणनीति और संगठन कौशल ने पार्टी को कई बड़ी जीत दिलाई हैं। ज्योतिष के जानकारों के अनुसार, उनकी कुंडली में राहु और चंद्रमा की स्थिति उन्हें सत्ता के करीब रखती है। शाह की मेहनत और मोदी के साथ उनकी करीबी उन्हें इस दौड़ में मजबूत बनाती है। हालांकि, कुछ ज्योतिषी मानते हैं कि उनकी राह में कुछ ग्रह बाधा भी डाल सकते हैं। क्या शाह का सियासी दांव उन्हें पीएम की कुर्सी तक पहुंचाएगा? यह वक्त ही बताएगा।

    सितारों का खेल या मेहनत का फल?

    ज्योतिष भले ही भविष्य की एक झलक दिखाए, लेकिन सियासत में मेहनत, रणनीति और जनता का भरोसा ही असली जीत दिलाता है। इन तीनों नेताओं के पास अनुभव, लोकप्रियता और संगठन की ताकत है, लेकिन कौन बाजी मारेगा, यह कहना अभी मुश्किल है। ग्रह-नक्षत्रों की चाल बदलती रहती है, और राजनीति का मिजाज भी। फिर भी, यह चर्चा हर किसी को उत्साहित कर रही है कि आने वाले दिनों में भारत का नेतृत्व किसके हाथों में होगा। आपकी राय में इनमें से कौन सबसे मजबूत दावेदार है?

  • हमारे नाखूनों पर क्यों बनते हैं सफेदˈ निशान? अगर आपके भी है तो आज जान लीजिए कारण

    हमारे नाखूनों पर क्यों बनते हैं सफेदˈ निशान? अगर आपके भी है तो आज जान लीजिए कारण

    क्या आपके भी नाखूनों पर, जहां से नाखून निकलते हैं, वहां पर सफेद निशान बने हुए हैं। अगर ऐसा है तो फिर आज जान लीजिए कि यह क्यों बनते हैं वरना बाद में पछताएंगे।

    हमारे नाखूनों पर क्यों बनते हैं सफेदˈ निशान? अगर आपके भी है तो आज जान लीजिए कारण
    Image Source : PEXELSप्रतीकात्मक फोटो

    हर इंसान सुबह से लेकर शाम तक ऐसी कई चीजों को देखता है जो नॉर्मल नहीं होता है मगर लोग उसके पीछे का कारण जानने की कोशिश नहीं करते हैं और उन्हें अनदेखा कर देता है। कई बार इंसान अपने शरीर को लेकर भी ऐसा करता है। शरीर में कुछ बदलाव या फिर कुछ ऐसा दिखता है जिसको लेकर उसके मन में सवाल उठने चाहिए और उसके जवाब भी उसको खोजने चाहिए मगर लोग ऐसा नहीं करते हैं और उसे इग्नोर कर देते हैं। आज हम आपको ऐसा ही कुछ बताने जा रहे हैं। आज हम आपको नाखूनों को लेकर कुछ ऐसा बताने जा रहे हैं जिसे आपने पहले शायद नोटिस तक नहीं किया होगा और अगर नोटिस किया होगा तब भी उसका कारण नहीं पता होगा।

    नाखूनों पर क्यों बनते हैं सफेद निशान?

    आपने देखा होगा कि कई लोगों के नाखूनों पर एक सफेद रंग का निशान होता है। जहां से नाखून निकलते हैं, अकसर वहां पर यह निशान देखने को मिलते हैं। शायद आपके नाखूनों पर भी यह निशान हो लेकिन क्या आप इसके पीछे का कारण जानते हैं? कोई बात नहीं, आज हम आपको इसके बारे में बताते हैं। दरअसल यह निशान ल्यूकोनीशिया के कारण होते हैं जो एक आम बिमारी है। जहां से नाखून निकलते हैं, वहां पर अगर सफेद निशान है तो यह ‘ट्रू ल्यूकोनीशिया’ के कारण है। वहीं अगर सफेद धब्बे नाखूनों के नीचे वाले स्किन में बने हैं तो यह ‘अपेरेंट ल्यूकोनीशिया’ के कारण होता है औ अगर यही धब्बे नाखून की सतह पर हैं तो यह स्यूडोल्यूकोनीशिया के कारण होते हैं।

    किन वजहों से होता है ल्यूकोनीशिया?

    अब आप यह जरूर जानना चाहते होंगे कि ल्यूकोनीशिया किस वजह से होता है तो आइए इसके बारे में बताते हैं। इसके पीछे एक कारण एलर्जी हो सकती है। नाखूनों पर इस्तेमाल होने वाले प्रोडक्ट्स के कारण एलर्जी हो सकता है और ऐसे धब्बे बन सकते हैं। इसके अलावा कोई चोट भी इन धब्बों के बनने का कारण बन सकता है। कभी-कभी किसी फंगल इंफेक्शन के कारण भी नाखूनों पर सफेद धब्बे बन सकते हैं। इसके अलावा कई बार दवाओं के साइडइफेक्ट के कारण भी ऐसा हो जाता है।

  • महिलाओं के शरीर में कितने दिन तकˈ जीवित रहते हैं स्पर्म? जानिए प्रेग्नेंसी से जुड़ा पूरा वैज्ञानिक सचˌ

    महिलाओं के शरीर में कितने दिन तकˈ जीवित रहते हैं स्पर्म? जानिए प्रेग्नेंसी से जुड़ा पूरा वैज्ञानिक सचˌ

    महिलाओं के शरीर में कितने दिन तकˈ जीवित रहते हैं स्पर्म? जानिए प्रेग्नेंसी से जुड़ा पूरा वैज्ञानिक सचˌ

    हेल्थ डेस्क। गर्भधारण से जुड़े सवालों में सबसे आम और जरूरी सवालों में से एक है: महिलाओं के शरीर में स्पर्म कितने दिन तक जीवित रह सकते हैं? यह जानकारी न सिर्फ प्रजनन से जुड़े निर्णयों में सहायक होती है, बल्कि परिवार नियोजन, फर्टिलिटी ट्रैकिंग और गर्भधारण की संभावनाओं को बेहतर ढंग से समझने के लिए भी आवश्यक है।

    स्पर्म की औसत जीवन अवधि

    वैज्ञानिक अध्ययनों के अनुसार, महिलाओं के प्रजनन तंत्र में एक बार प्रवेश करने के बाद स्पर्म औसतन 3 से 5 दिन तक जीवित रह सकते हैं। हालांकि, यह अवधि शरीर की आंतरिक स्थिति, हार्मोनल स्तर और ओवुलेशन के समय पर निर्भर करती है।

    यदि गर्भाशय ग्रीवा (cervical mucus) उस समय पर्याप्त मात्रा में पतली और शुक्राणु के अनुकूल हो, तो स्पर्म 5 दिनों तक सक्रिय रह सकते हैं। लेकिन यदि महिला का शरीर ओवुलेशन की स्थिति में नहीं है, तो यह अवधि घटकर 1–2 दिन भी हो सकती है।

    ओवुलेशन के समय सबसे ज्यादा

    फर्टिलिटी विशेषज्ञों का कहना है कि ओवुलेशन से ठीक पहले और ओवुलेशन के दिन संबंध बनाने से गर्भधारण की संभावना सबसे अधिक होती है। इसका कारण यही है कि उस दौरान स्पर्म ज्यादा लंबे समय तक जीवित रह सकते हैं और अंडाणु (egg) से मिलने की संभावना अधिक होती है।

    क्यों जरूरी है ये जानकारी?

    गर्भधारण की योजना बनाने वालों के लिए: यदि आप संतान की योजना बना रहे हैं, तो यह जानना जरूरी है कि स्पर्म कब तक जीवित रहता है ताकि ओवुलेशन के नजदीक सही समय पर प्रयास किया जा सके।

    गर्भधारण से बचने वालों के लिए: नेचुरल फैमिली प्लानिंग या कैलेंडर मेथड अपनाने वालों के लिए यह जानना आवश्यक है कि स्पर्म लंबे समय तक शरीर में जीवित रह सकते हैं, इसलिए ओवुलेशन से पहले के दिन भी ‘सुरक्षित’ नहीं माने जा सकते।

  • अगर आपको भी लगती है बार बारˈ नजर, तो आजमाएं दादी-नानी के ये घरेलू नुस्खेˌ

    अगर आपको भी लगती है बार बारˈ नजर, तो आजमाएं दादी-नानी के ये घरेलू नुस्खेˌ

    अगर आपको भी लगती है बार बारˈ नजर, तो आजमाएं दादी-नानी के ये घरेलू नुस्खेˌ

    बीमारी चाहे कोई भी हो, घरेलू नुस्खों से हर बीमारी का इलाज संभव माना जाता है। चाहे वो सिरदर्द हो, बुखार हो, चोट हो या फिर किसी की बुरी नजर लग गई हो। वैसे तो आजकल लोग घरेलू नुस्खों का बहुत कम इस्तेमाल करते हैं, मगर पुराने जमाने की बात करें तो हमारी दादी-नानी इन्हीं नुस्खों के सहारे बड़ी से बड़ी बीमारी का इलाज कर देते थे।

    खैर, घर के छोटे बच्चों को अक्सर नजर लग जाने की समस्या होती है, जिसकी वजह से बच्चे काफी ज्यादा रोते हैं। लिहाजा बुरी नजर लग जाने से कुछ होते हैं, जो डॉक्टर के पास जाते हैं तो वहीं कुछ होते हैं जो ज्योतिष को बुलाते हैं।

    वहीं आपको जानकर हैरानी होगी कि दादी नानी के कुछ ऐसे नुस्खे हैं, जो आपको हमेशा के लिए बुरी नजरों से बचा सकते हैं। तो आज हम इस आर्टिकल में आपको उन्हीं नुस्खों के बारे में बताने वाले हैं। आइये जानते हैं, आखिर क्या हैं दादी नानी के वो नुस्खे….

    नुस्खा 1

    अगर आपके घर के किसी सदस्य को बुरी नजर लग जाए तो घर में ज्वार की रोटी बनाएं , मगर सेंकते समय ये ध्यान रखें कि रोटी को सिर्फ एक ही तरफ से सेंकना है। इसके बाद सेंके हुए भाग पर गाय का घी लगाएं और उसे पीले धागे से बांध लें, फिर इस रोटी को नजर लगे व्यक्ति पर 7 बार वार लें और किसी कुत्ते को खिला दें। माना जाता है कि ऐसा करने से नजर दोष खत्म होता है।

    नुस्खा 2

    दादी-नानी का ये सबसे सस्ता और अच्छा नुस्खा है। इसमें आपको गेहूं के आटे से कुछ दीया बनाना है और उस दीया में काले धागे की बत्ती जलाएं। इसके बाद उसमें दो लाल मिर्च रखें और उसे नजर लगे व्यक्ति पर उतार दें। माना जाता है कि ऐसा करने से नजर दोष दूर होता है।

    नुस्खा 3

    नजर उतारने के लिए गाय के गोबर का भी प्रयोग किया जा सकता है। जी हां, अगर आपके परिवार में किसी सदस्य को नजर लग गया हो तो ये नुस्खा आपके लिए काफी फायदेमंद हो सकता है। इसमें आपको गाय के गोबर से एक चौमुखी दीपक बनाना है।

    दीया बनाने के बाद उसमें तिल के तेल की एक बत्ती जला दें और उसमें थोड़ा गुड़ डाल लें। इसके बाद इस दीये को अपने घर के द्वार के सामने रख दें, माना जाता है कि ऐसा करने से नजर दोष खत्म होता है। साथ ही साथ घर में सकारात्मक उर्जा का प्रवेश होता है और सदस्यों के रिश्तों में मिठास भी बढ़ती है।

    नुस्खा 4

    वैसे तो बुरी नजर लगना आम बात है, मगर बच्चों को बुरी नजर लग जाए तो उन्हें काफी तकलीफ होती है। ऐसे में अगर आपके घर के छोटे बच्चों को बुरी नजर लगे तो शनिवार या रविवार के दिन एक कटोरी में थोड़ा सा दूध लें और उसे बच्चे के सिर पर तीन बार फेर दें।

    इसके बाद उस दूध को कुत्ते को दे दें। माना जाता है कि ऐसा करने से नजर उतर जाती है। ये उपाय आपको 3 से 4 हफ्तों तक अपनाना है, ताकि आपके बच्चे को दोबारा नजर न लगे।

  • शरीर के किस हिस्से में खून नहींˈ पाया जाता है? क्या आप जानते हैं इन 25 सवालों के जवाबˌ

    शरीर के किस हिस्से में खून नहींˈ पाया जाता है? क्या आप जानते हैं इन 25 सवालों के जवाबˌ

    प्रतियोगिता परीक्षाओं में कई तरह के सवाल पूछे जाते हैं। चाहे कोई से भी क्षेत्र से जुड़ी हुई परीक्षा क्यों न हो। जनरल नॉलेज के सवाल उसमें जरूर शामिल किए जाते हैं। आज हम आपको कुछ ऐसे ही रोचक सवालों के बारे में बताने जा रहे हैं।

    सरकारी नौकरी के लिए परीक्षा में पूछे जाने वाले जनरल नॉलेज के महत्वपूर्ण सवाल-जवाब

    शरीर के किस हिस्से में खून नहींˈ पाया जाता है? क्या आप जानते हैं इन 25 सवालों के जवाबˌ

    प्रश्न.1.नमक सत्याग्रह में महात्मा गांधी की टोली कितने दिनों तक पैदल चली थी?

    जवाब– ​24

    प्रश्न.2.नाट्य शास्त्र के रचयिता कौन थे?

    जवाब-रतमुनि

    प्रश्न. 3.विश्व का सबसे बड़ा महाद्वीप कौन सा देश है?

    जवाब- एशिया

    प्रश्न. 4. रेल पथ के मीटर गेज की चौड़ाई कितनी होती है?

    जवाब- 1 मीटर

    प्रश्न. 5. किस जानवर को रेगिस्तान का जहाज कहा जाता है?

    जवाब- ऊँट

    प्रश्न.6– किस देश में राष्ट्रपति का कार्यकाल सिर्फ एक साल का होता है?

    जवाब- स्विट्जरलैंड, इस देश में राष्ट्रपति का कार्यकाल एक साल से ज्यादा नहीं होता है। इतना ही नहीं एक बार जो इस देश का राष्ट्रपति बन जाता है उसके दोबारा चुनाव लड़ने की अनुमति भी नहीं दी जाती है।

    प्रश्न.7– किस जानवर का दूध गुलाबी रंग का होता है?

    जवाब– हिप्पो

    प्रश्न.8– किस देश को “सांपों का देश” कहा जाता है?

    जवाब- दुनिया में सबसे अधिक सांप ब्राजील में पाए जाते हैं। इसलिए इस देश को सांपों का देश कहा जाता है

    प्रश्न.9- शरीर का ऐसा कौन-सा हिस्सा है, जिसमें खून नहीं पाया जाता?

    जवाब- कॉर्नियां

    प्रश्न.10- वो कौन सा जानवर है जो भूख लगने पर अपना शरीर खा सकता है?

    जवाब- चूहा

    प्रश्न.11– कौन सी नदी अपना रंग बदलती रहती है?

    जवाब-  कैनो क्रिस्टल्स, जो कोलंबिया में बहती है। ये हर मौसम के साथ अपना रंग बदलती हैं।

    प्रश्न.12- कौन से देश में सूरज आधी रात को भी चमकता है?

    जवाब- नार्वे

    प्रश्न.13- किस देश को “मोतियों का द्वीप” कहा जाता है?

    जवाब- बहरीन देश को मोतिओं का द्वीप कहते हैंष। क्योंकि यहां पर काफी मोती समुंद्र में पाए और ये मोती दुनिया भर में प्रसिद्ध हैं।

    प्रश्न.14- ऐसा कौन सा जीव है जो जीभ की जगह अपने पैरों से स्वाद लेता है?

    जवाब- तितली ही एक मात्र ऐसा जीव है जो कि पैरों से स्वाद लेती है।

    प्रश्न.15- वो कौन का जानवर है जो एक बार सो जाए तो दोबारा नहीं जागता?

    जवाब – चींटी एक बार सो जाए तो दोबारा नहीं जगती ही है।

    प्रश्न 16: ट्रैफिक सिग्नल की शुरुआत सबसे पहले किसने की थी?

    जवाब: रेलवे

    प्रश्न 17: बाणभट्ट किस सम्राट के राजदरबारी कवि थे?

    जवाब: हर्षवर्धन

    प्रश्न 18: वायुमण्डलीय दाब मापने का पैमाना क्या है?

    जवाब: बैरोमीटर

    प्रश्न 19: रविन्द्रनाथ टैगोर ने भारत के अलावा किस देश का राष्ट्रीय गान लिखा?

    जवाब: बांग्लादेश

    प्रश्न 20: दिल्ली की सुल्तान रजिया सुल्तान किसकी पुत्री थी?

    जवाब: शम्स-उद-दिनइल्तुतमिश

    प्रश्न 21: प्लासी का युद्ध कब हुआ था?

    जवाब: 1757ई.

    प्रश्न 22: बुर्ज खलाफा का मालिक कौन है?

    जवाब : एचएच शेख खलीफा बिन जायद

    प्रश्न 23: जैतून किस देश में बडे़ पैमाने पर उगाया जाता है?

    जवाब: फ्रांस

    प्रश्न 24: कंचनगंगा पर्वत शिखर कहां स्थित है?

    जवाब: सिक्किम

    प्रश्न 25: ‘ए मेरे वतन के लोगो’ देशभक्ति गीत किसने लिखा है?

    जवाब: प्रदीप

  • सिर्फ ₹100 बचाकर भी बन सकते हैंˈ करोड़पति ऐसे होगा ये कमालˌ

    सिर्फ ₹100 बचाकर भी बन सकते हैंˈ करोड़पति ऐसे होगा ये कमालˌ

    अगर कोई व्यक्ति रोज़ाना ₹100 बचाकर हर महीने ₹3,000 की SIP करता है, तो 30 साल में उसका कुल निवेश ₹10,80,000 होगा. SIP कैलकुलेटर के अनुसार, अगर औसतन 12% वार्षिक रिटर्न मिलता है, तो 30 साल बाद यह निवेश बढ़कर लगभग ₹1,05,89,741 हो सकता है. इसमें ₹10,80,000 आपकी मूल राशि होगी और बाकी ₹95,09,741 ब्याज यानी मुनाफा होगा.

    सिर्फ ₹100 बचाकर भी बन सकते हैंˈ करोड़पति ऐसे होगा ये कमालˌ

    हर इंसान का सपना होता है कि उसकी जेब हमेशा पैसों से भरी रहे. लखपति बनना, करोड़पति बनना, कौन नहीं चाहता? लेकिन ये बात भी सच है कि न तो कोई जादू की छड़ी है और न ही रातोंरात अमीर बनने का कोई शॉर्टकट. मगर हां, अगर आप हर दिन थोड़ा-थोड़ा पैसा बचाएं और उसे सही जगह लगाएं, तो करोड़पति बनने का सपना हकीकत में बदल सकता है. आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि कैसे सिर्फ ₹100 रोज बचाकर आप करोड़पति बन सकते हैं. यकीन नहीं हो रहा? तो चलिए, पूरा गणित समझते हैं.

    रोज़ाना ₹100 बचाने का जादू

    आज के दौर में पैसा कमाना और उसे बढ़ाना पहले से कहीं ज्यादा आसान हो गया है. लोग शेयर बाजार में पैसा दोगुना-तिगुना करने के चक्कर में लगे रहते हैं, लेकिन उसमें रिस्क भी उतना ही ज्यादा है. अगर आप रिस्क से बचना चाहते हैं, तो म्यूचुअल फंड में सिस्टमैटिक इनवेस्टमेंट प्लान (SIP) आपके लिए बेस्ट ऑप्शन है. इसकी सबसे बड़ी खासियत ये है कि आप छोटी-छोटी रकम से शुरू कर सकते हैं. जी हां, सिर्फ ₹100 रोज बचाकर आप अपने सपनों को सच कर सकते हैं.

    कैसे काम करता है SIP?

    SIP यानी सिस्टमैटिक इनवेस्टमेंट प्लान, म्यूचुअल फंड में निवेश का एक ऐसा तरीका है, जिसमें आप हर महीने एक निश्चित रकम निवेश करते हैं. ये रकम छोटी भी हो सकती है, जैसे कि ₹100 रोज, यानी महीने में ₹3000. म्यूचुअल फंड में औसतन 12% का रिटर्न मिलता है, हालांकि ये गारंटीड नहीं है और मार्केट के हिसाब से ऊपर-नीचे हो सकता है. लेकिन लंबे समय में ये आपके पैसे को कई गुना बढ़ाने का दम रखता है.

    30 साल में बनें करोड़पति, जानें गणित

    मान लीजिए, आप हर दिन ₹100 बचाते हैं, यानी महीने में ₹3000. अब इस ₹3000 को आप हर महीने म्यूचुअल फंड SIP में डालते हैं. अगर आप लगातार 30 साल तक ऐसा करते हैं, तो आप कुल ₹10,80,000 का निवेश करेंगे. लेकिन यदि 12% सालाना रिटर्न के हिसाब से गणना करें, तो SIP कैलकुलेटर के मुताबिक, 30 साल बाद आपका निवेश ₹1,05,89,741 तक पहुंच सकता है. यानी आपके द्वारा जमा किए गए ₹10,80,000 पर आपको ₹95,09,741 का ब्याज मिलेगा. ये है कम्पाउंडिंग का जादू!

    SIP कैलकुलेटर से समझें आसान गणित

    SIP कैलकुलेटर एक ऐसा टूल है, जो आपको ये हिसाब लगाने में मदद करता है कि आपका निवेश कितने समय में कितना रिटर्न दे सकता है. उदाहरण के लिए, अगर आप हर महीने ₹3000 की SIP करते हैं और 12% औसत रिटर्न मानते हैं, तो 30 साल बाद आपकी कुल कमाई ₹1 करोड़ से ज्यादा हो जाएगी. आप खुद भी SIP कैलकुलेटर का इस्तेमाल करके ये हिसाब आसानी से लगा सकते हैं. ये टूल ऑनलाइन उपलब्ध है और इसका इस्तेमाल करना बेहद आसान है.

    म्यूचुअल फंड क्यों है सही विकल्प?

    म्यूचुअल फंड में निवेश का सबसे बड़ा फायदा ये है कि ये आपके पैसे को लंबे समय में कई गुना बढ़ा सकता है. ये शेयर बाजार की तुलना में कम जोखिम वाला होता है, क्योंकि इसमें आपका पैसा अलग-अलग सेक्टर्स में बंट जाता है. साथ ही, SIP के जरिए आप छोटी रकम से शुरुआत कर सकते हैं और अनुशासित तरीके से निवेश कर सकते हैं. ये उन लोगों के लिए बेस्ट है, जो रेगुलर इनकम से थोड़ा-थोड़ा बचाकर बड़ा फंड बनाना चाहते हैं.

    निवेश से पहले ये बातें हैं जरूरी

    हालांकि, म्यूचुअल फंड में निवेश से पहले कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है. सबसे पहले, किसी अच्छे फाइनेंशियल एडवाइजर से सलाह लें. वो आपको आपके लक्ष्यों और जोखिम लेने की क्षमता के हिसाब से सही म्यूचुअल फंड चुनने में मदद करेगा. साथ ही, ये भी समझ लें कि म्यूचुअल फंड में रिटर्न मार्केट पर निर्भर करता है, इसलिए थोड़ा धैर्य रखना जरूरी है. लंबे समय तक निवेश करते रहें, क्योंकि कम्पाउंडिंग का जादू तभी काम करता है.

  • 8 पुरुषों से संबंध बनाकर पैदा किएˈ 11 बच्चे टोटल 30 का टारगेट है वजह सुनकर रह जाओगे दंगˌ

    8 पुरुषों से संबंध बनाकर पैदा किएˈ 11 बच्चे टोटल 30 का टारगेट है वजह सुनकर रह जाओगे दंगˌ

    8 पुरुषों से संबंध बनाकर पैदा किएˈ 11 बच्चे टोटल 30 का टारगेट है वजह सुनकर रह जाओगे दंगˌ

    भारत में एक कहावत मशहूर है। हम दो हमारे दो। वहीं चीन में देखा जाए तो कुछ समय पहले हम दो हमारे एक का चलन चला था। वैसे भी आज के महंगाई के जमाने में कोई भी दो या तीन से ज्यादा बच्चे नहीं करता है। लेकिन आज हम आपको एक ऐसी महिला से मिलाने जा रहे हैं जिसके घर बच्चों की पूरी क्रिकेट टीम है। यानि उनके 11 बच्चे हैं।

    8 मर्दों से हैं 11 बच्चे

    यदि आप 11 बच्चों वाली बात सुनकर हैरान हैं तो जरा ठहरिए, कहानी का असली ट्विस्ट अभी बाकी है। महिला के ये 11 बच्चे 8 अलग-अलग मर्दों से हैं। अब महिला जल्द 19 और बच्चों की प्लानिंग कर रही है ताकि उनके कुल 30 बच्चे हो जाए। अलग-अलग मर्दों से इतने बच्चे पैदा करने के पीछे महिला ने एक वजह भी बताई। यह वजह सुन आप लोटपोट हो जाएंगे।

    दरअसल सोशल मीडिया पर इन दिनों एक टिकटॉक सेलिब्रिटी बड़ी वायरल हो रही है। इस महिला का नाम फाई है जो कि अमेरिका के टेनेसी राज्य के मेम्फिस में रहती हैं। फ़ाई सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव रहती हैं। यहां उनके 90 हजार से ज्यादा फॉलोअर्स हैं। 11 बच्चे होने की वजह से उन्हें कई बार आलोचना का सामना भी करना पड़ता है।

    ऐसे करती है सबको मैनेज

    कुछ लोगों ने महिला पर आरोप लगाया कि उन्होंने इतने बच्चे इसलिए पैदा किए ताकि सरकारी भत्ते से मिलने वाली सहायता से उनका घर चल सके। हालांकि महिला ने लोगों का मुंह बंद करते हुए एक सरकारी कागज दिखाया। इसमें लिखा था कि उन्हें बच्चों की मदद के लिए चाइल्ड सपोर्ट के रूप में सिर्फ 10 डॉलर प्रति महिना ही सरकार से मिलता है।

    कुछ यूजर्स ने उनसे ये भी पूछा था कि वह इतने सारे बच्चों के साथ कैसे मैनेज कर लेती हैं। क्या वे उन्हें परेशान नहीं करते। इस पर महिला ने एक वीडियो शेयर किया था। इस वीडियो में उनके सभी बच्चे खुशी से नाच रहे थे। इस वीडियो से महिला ये कहना चाहती थी कि उनके बच्चे साथ में खुशी खुशी रहते हैं।

    इसलिए अलग-अलग मर्दों से पैदा किए बच्चे

    अब आखिरी सवाल अभी भी बरकरार है कि महिला ने इतने सारे बच्चे 8 अलग-अलग मर्दों से क्यों किए हैं? इसका जवाब महिला ने बड़े ही मजेदार अंदाज में दिया। उन्होंने कहा कि वह चाहती थी कि उनके बच्चों पर पिता का साया हमेशा बना रहे। इसलिए यदि उनके 8 पिताओं में से दो-चार इधर उधर चले भी गए। (किसी और महिला के पास या मर गए) तो भी बच्चों के ऊपर बाकी पिता का हाथ रहेगा।

    महिला ने अपने तर्क को एक उदाहरण देकर भी समझाया। उन्होंने कहा यदि आपके पास 5 जरूरी सामान है। और उसमें से 2 कहीं गुम हो जाए तो भी आपके पास 3 सामान तो रहते हैं। इससे आपका काम नहीं रुकता है। तो कुल मिलाकर महिला ने एक बैकअप प्लान के तौर पर इतने मर्दों से इतने बच्चे पैदा किए। वैसे महिला ने ये भी कहा कि वह 19 बच्चे और पैदा करेंगी। लेकिन बाद में वह बोली कि मैं मजाक कर रही हूं।

  • किसी भी स्टेज के कैंसर को सिर्फˈ 2 से 3 महीनों में पपीते के पत्तो की चाय कर देगी जड़ से खत्म, तरीका जान लो अभीˌ

    किसी भी स्टेज के कैंसर को सिर्फˈ 2 से 3 महीनों में पपीते के पत्तो की चाय कर देगी जड़ से खत्म, तरीका जान लो अभीˌ

    किसी भी स्टेज के कैंसर को सिर्फˈ 2 से 3 महीनों में पपीते के पत्तो की चाय कर देगी जड़ से खत्म, तरीका जान लो अभीˌ

    पपीते के पत्तो की चाय से कोई भी स्टेज के कैंसर को सिर्फ 60 से 90 दिनों में ठीक कर सकते हैं| अभी तक हम लोगों ने सिर्फ पपीते के पत्तों को बहुत ही सीमित तरीके से उपयोग किया होगा, प्लेटलेट्स के कम हो जाने पर या त्वचा सम्बन्धी या कोई और प्रयोग किया हैं। मगर आज जो हम आपको बताने जा रहें हैं, ये वाकई आपको चौंका देगा, आप सिर्फ 5 -6 हफ्तों में कैंसर जैसी भयंकर रोग को जड़ से ख़त्म कर सकते हैं।

    पपीते के पत्तो की मदद से कई प्रकार के वैज्ञानिक तरीको से पता लगा है कि पपीते के सभी भागो जैसे फल, तना, बीज, पतियाँ और जड़ सभी के अंदर कैंसर की कोशिका को कम करने और उसकी वृद्धि को रोकने की क्षमता पाई जाती है| विशेषकर पपीते की पतियों के अंदर कैंसर की कोशिका को कम करने और उसकी वृद्धि को रोकने का गुण अत्यधिक पाया जाता है|

    पपीते की पत्तियां सीधा कैंसर को खत्म कर सकती है| पपीते की पत्तियां बहुत प्रकार के कैंसर को खत्म कर सकती है, जिनमे मुख्यतः ब्रेस्ट कैंसर, लंग कैंसर, लीवर कैंसर| इसमें जितनी ज्यादा मात्रा में पपीते की पत्तियां बड़ाई गयी है, उतना ही अच्छा परिणाम मिला है| ये पतियाँ कैंसर की गति को जरुर रोकती है|

    पपीते की चाय बनाने की विधि :- पांच पत्तो को अच्छी तरह सुखा लें| उसको छोटे टुकडो में तोड़ लें,अब 500 मी.ली. पानी में कुछ सूखे पत्ते डाल कर उबालें, इतना उबालें जो ये पानी आधा रह जाये| अब इसको आधा-आधा कर के दिन में दो बार पिए| जितना इसका प्रयोग आप करेंगे उनता ही असर देखने को मिलेगा| ये चाय पीने के बाद एक घंटे तक कुछ भी खाना-पीना नही है|

    कैंसर में ऐसे करें पपीते का सेवन-
    कैंसर में पपीते की चाय का सेवन बहुत अचछा माना जाता है। दिन में तीन से चार बार पपीते की चाय बनाकर पीएं ये आपके लिए बहुत फायदेमंद होगी। यूं तो पपीते की चाय बनाने की अलग-अलग विधि हैं, लेकिन हम आपको सरल विधि बता रहे हैं, जिसे आप ट्राय कर सकते हैं।
    – सबसे पहले 5 से 7 पपीते के पत्तों को धूप में अच्छी तरह सुखा लें और फिर इसे छोटे-छोटे टुकड़ों में तोड़ लें।
    – इसके बाद आधा लीटर पानी में पपीते के सूखे पत्ते डालकर उबाल लें। इतना उबालें की ये आधा रह जाए।
    – इसे आप 125 मिली करके दिन में दो बार पी सकते हैं। बाकी बचे हुए लिक्विड को फ्रिज में स्टोर कर रखें। ध्यान रखें कि इसे दोबारा गर्म न करें। ये चाय पीने के आधे से एक घंटे तक आपको कुछ भी खाना या पीना नहीं है।

  • जिन मर्दों की छाती पर होते हैंˈ ज्यादा बाल, उनमे होती हैं ये खूबियांˌ

    जिन मर्दों की छाती पर होते हैंˈ ज्यादा बाल, उनमे होती हैं ये खूबियांˌ

    जिन मर्दों की छाती पर होते हैंˈ ज्यादा बाल, उनमे होती हैं ये खूबियांˌ

    सामु‍द्रिक शास्‍त्र के आधार पर पुरुषों और महिलाओं के विभिन्‍न अंगों की संरचना को देखकर ही उसके व्‍यक्‍तित्‍व और व्‍यवहार के बारे में बताया जा सकता है। सामुद्रिक शास्‍त्र के अनुसार जिन पुरुषों के सीने पर ज्‍यादा बाल होते हैं वो अधिक वफादार माने जाते हैं। आज हम आपको ऐसे पुरुषों की और भी कई खूबियों के बारे में बताने जा रहे हैं।

    – जिन पुरुषों के सीने पर अधिक बाल होते हैं वो शारीरिक रूप से मजबूत और बलिष्‍ठ होते हैं लेकिन अगर ऐसे पुरुष अधिक मात्रा में नशीले पदार्थों का सेवन कर लें तो इनका सुंदर शरीर बर्बाद हो जाता है। पैसे भी नष्‍ट हो जाते हैं। ये अपनी किस्‍मत से लंबा मुनाफा कमाने के चक्‍कर में रहते हैं।

    – इसके अलावा अगर किस मर्द की छाती पर ज्‍यादा बाल ना हों तो उसे धनवान, बुद्धिमान, विद्याप्रेमी और संगीतकार माना जाता है। इनका कार्यक्षेत्र न्‍याय से संबंधित होता है। इनकी पत्‍नी अकसर क्रोधी स्‍वभाव की होती हैं।

    – जिन पुरुषों की छाती थोड़ी अंदर की ओर झुकी हुई होती है वो शक्‍की स्‍वभाव के होते हैं और अपनी बात किसी से नहीं कहते हैं। ये सामाजिक रूप से विद्वान होते हैं।

    – कहते हैं कि जिस पुरुष की छाती पर बाल नहीं होते उनका भरोसा नहीं करना चाहिए। सामु्द्रिक शास्‍त्र के अनुसार ये बात बिलकुल सही है। ये दूसरों की बाते जान लेते हैं लेकिन अपने मन की बातों को गुप्‍त ही बनाए रखते हैं।

    सामुद्रिक शास्‍त्र के आधार पर आप किसी भी महिला या पुरुष के व्‍यवहार के बारे में जान सकते हैं। इसमें व्‍यक्‍ति के शारीरिक और बाहरी स्‍वरूप के आधार पर गणना की जाती है। इसमें आप सीने के बाल, नाक के आकार, भौहें की बनावट, होंठों की बनावट आदि के आधार पर उसके व्‍यक्‍तित्‍व के बारे में बता सकते हैं। इससे किसी के बारे में जानने में बहुत मदद मिलती है।

  • खुद अपने MMS वायरल कर फेमस हुईˈ ये इन्फ्लुएंसर्स अंगूठा छाप होने के बावजूद आज कमा रहीं हैं करोड़ोंˌ

    खुद अपने MMS वायरल कर फेमस हुईˈ ये इन्फ्लुएंसर्स अंगूठा छाप होने के बावजूद आज कमा रहीं हैं करोड़ोंˌ

    खुद अपने MMS वायरल कर फेमस हुईˈ ये इन्फ्लुएंसर्स अंगूठा छाप होने के बावजूद आज कमा रहीं हैं करोड़ोंˌ

    Social Media Influencers : सोशल मीडिया पर इन दिनों रातों-रात हर कोई फेमस हो जाता है। डांस करके या अनोखा कुछ काम करके लोग लाखों व्यूज और फॉलोवर्स बना लेते है। लेकिन इसके पीछे का काला सच किसे भी नहीं पता होता है।

    कुछ सोशल मीडिया इन्फ्लुएंन्सर्स (Social Media Influencers) अपने ही निजी वीडियो को वायरल करके फेमस हो जाते है और फिर फेमल होने के बाद लाखों की कमाई करते हैं। चलिए तो जानते हैं ऐसे ही तीन इन्फ्लुएंन्सर्स के बारे में जिन्होंने पैसों के लिए इस हथकंडे का इस्तेमाल किया।

    सोना डे

    सोना डे मशहूर सोशल मीडिया इन्फ्लुएन्सर्स (Social Media Influencers) हैं और सोशल मीडिया पर छाई रहती हैं। वह डांस वीडियो और रील बनाने के लिए जानी जाती है। वहीं एक बार उनका एमएमएस वीडियो वायरल हुआ था। सोशल मीडिया पर वायरल हुए इस एमएमएस वीडियो को लेकर दावा किया जाने लगा कि इसमें सोना डे नजर आ रही हैं।

    हालांकि, सोना ने इसे पूरी तरह से फर्जी बताया है। जिसकी वजह से रातों-रात सोना डे और ज्यादा मशहूर हो गई। फिलहाल, सोना डे एक लोकप्रिय सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और यूट्यूबर हैं। जिनके इंस्टाग्राम पर 9.1 मिलियन फॉलोअर्स हैं और यूट्यूब चैनल पर 2.5 मिलियन से ज्यादा सब्सक्राइबर हैं।

    अंजली अरोड़ा

    फेमस सोशल मीडिया इन्फ्लुएन्सर्स (Social Media Influencers) अंजलि अरोड़ा ‘कच्चा बादाम’ पर डांस करके रातों-रात मशहूर हो गई थी। इंस्टाग्राम पर उन्हें 10 मिलियन से ज्यादा लोग फॉलो करते हैं। हालांकि उनकी निजी जिंदगी के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं है।

    लेकिन एक बार उनका MMS वीडियो वायरल हुआ था। हालांकि बाद में उन्होंने अपने वीडियो को फर्जी बता दिया। लेकिन इस घटना के बाद अंजलि सोशल मीडिया की दुनिया में जाना-माना नाम बन गई और इंस्टाग्राम से लाखों कमाने लगी।

    गुनगुन गुप्ता

    गुनगुन गुप्ता एक मशहूर सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स (Social Media Influencers) हैं। उनका एक अश्लील वीडियो इंटरनेट पर वायरल हुआ था। वीडियो लीक होने के बाद कई तरह की अफवाहें उड़ने लगी जिनमें से एक यह भी थी कि गुनगुन गुप्ता ने आत्महत्या कर ली है। हालांकि, 19 साल की गुनगुन को लेकर उड़ाई जा रही ये सारी अफवाहें महज अफवाह ही साबित हुई। आपको बता दें कि गुनगुन के इंस्टाग्राम पर 6 मिलियन से ज्यादा फॉलोअर्स हैं।