Author: me.sumitji@gmail.com

  • इस मंदिर के घड़े से असुर आजˈ भी पीते हैं पानी लेकिन दूध डालते ही हो जाता है ये चमत्कारˌ

    इस मंदिर के घड़े से असुर आजˈ भी पीते हैं पानी लेकिन दूध डालते ही हो जाता है ये चमत्कारˌ

    इस मंदिर के घड़े से असुर आजˈ भी पीते हैं पानी लेकिन दूध डालते ही हो जाता है ये चमत्कारˌ

    Sheetla Mata Temple: राजस्थान के महलों के साथ-साथ वहां के मंदिर भी रहस्यों से भरे हुए हैं. आज शीतलाअष्टमी के मौके पर चलिए आपको राजस्थान के शीतला माता मंदिर के रहस्यों से रूबरू कराते हैं.

    दूध का भोग लगते ही भर जाता है घड़ा
    हालांकि शीतला सप्तमी के मौके पर घड़े से पत्थर हटाया जाता है. जैसे ही माता के चरणों से लगाकर इस घड़े में दूध का भोग डाला जाता है, तो ये घड़ा पूरा ऊपर तक भर जाता है. वहीं इस घड़े पर कई रिसर्च हो चुकी हैं, लेकिन इस घड़े का रहस्य नहीं जाना जा सका है.

    असुर पी जाते हैं पानी
    स्थानीय लोगों के मुताबिक यहां पर इस चमत्कार को लेकर कई कहानियां प्रचलित हैं. कहानी के मुताबिक जब भी घड़े में पानी भरा जाता है तो ये सारा पानी असुर पी जाता है. इसलिए घड़ा नहीं भरता है. माता के मंदिर में ये घड़ा सदियों से है, लेकिन कभी नहीं भरा है.

    घड़ा है चमत्कारी
    स्थानीय लोगों के मुताबिक ये घड़ा चमत्कारिक है. कहा जाता है कि इसमें कितना भी पानी डालो ये घड़ा कभी भी पूरा नहीं भरता. लेकिन जैसे ही इसमें दूध डाला जाता है तो फुल हो जाता है. इस चमत्कारिक घड़ा हमेशा ढका रहता है.

    8 सदी पुराना है मंदिर
    लगभग 8 सदी पुराने इस मंदिर को लेकर भक्तों में बहुत अधिक श्रद्धा है. यहां एक भूमिगत घड़ा है, जिसमें रखा हुआ पत्थर साल में सिर्फ दो बार बाहर निकाला जाता है. इन्हीं दोनों मौकों पर मंदिर में बड़े मेले को आयोजित किया जाता है.

    शीतला माता का मंदिर
    जयपुर के पाली जिले में स्थित शीतला माता मंदिर रहस्यों से भरा हुआ है. यह न सिर्फ चमत्कारिक है बल्कि यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु अपनी मनोकामनाओं को लेकर माता के दरबार में माथा टेकने आते हैं.

  • बिस्तर पर इस लड़की के साथ हरˈ रात आकर सोते हैं ज़हरीले कोबरा सांप सुबह होते ही गायब… रहस्य जानकर गांव वाले भी रह गए दंगˌ

    बिस्तर पर इस लड़की के साथ हरˈ रात आकर सोते हैं ज़हरीले कोबरा सांप सुबह होते ही गायब… रहस्य जानकर गांव वाले भी रह गए दंगˌ

    बिस्तर पर इस लड़की के साथ हरˈ रात आकर सोते हैं ज़हरीले कोबरा सांप सुबह होते ही गायब… रहस्य जानकर गांव वाले भी रह गए दंगˌ

    वैसे तो भगवान की अपने हर भक्त पर अपार कृपा बनी रहती है लेकिन इस संसार में कुछ ऐसे लोग भी होते हैं जिन पर भगवान की विशेष कृपा रहती है। ऐसी ही भगवान शिव की अपार कृपा दविंद्र कौर उर्फ रिम्पी निवासी कृष्णा नगर पर बनी हुई है जो लगातार 2 बार सांप के साथ सोने के उपरांत बच गई।दविंद्र कौर ने बताया कि एक दिन उसके परिवार के सभी सदस्य उसके विदेश जा रहे भाई को छोडऩे के लिए दिल्ली एयरपोर्ट गए हुए थे। जैसे ही वह सुबह करीब 8 बजे सोकर उठी तो उसने देखा कि उसके साथ बिस्तर पर लगभग 4 फुट का सफेद रंग का सांप भी सो रहा था। इस दौरान उसने हिम्मत जुटाते हुए फ्रिज पर पड़ा अपना फोन उठाकर घटना की जानकारी अपनी मां हरभजन कौर व परिवार के अन्य सदस्यों को दी। उस समय परिजन राजपुरा पहुंच चुके थे।

    Also read : माता के मंदिर से गहने चुराकर भाग रहे थे चोर,मंदिर के बाहर निकलते ही पत्थर की मूर्ति बन गए जैसे ही परिजन घर पहुंचे तो उन्होंने देखा कि सांप रजाई के भीतर सो रहा था जिसे पकडऩे के उपरांत वे खेतों में छोड़ आए। एक दिन फिर सुबह करीब 8.30 बजे उठी तो उसी जगह पर उसके बिस्तर पर लगभग 5 फुट लंबा सांप सोया पड़ा था। शोर मचाने पर जब परिवार के सदस्य कमरे में आए तो सांप ने अपना फन उठाते हुए फुंकारना शुरू कर दिया।

    आज भी सांप को बाहर खेतों में छोड़ा गया। दविंद्र कौर ने बताया कि उसे आज रात 2-3 बार अपने साथ किसी चीज के होने का एहसास जरूर हुआ था लेकिन उसने रात अधिक होने के चलते लाइट जलाकर नहीं देखा। गनीमत रही कि इस दौरान सांप ने दविंद्र को नहीं डसा।

  • न नहाता है न ब्रश करता है…ˈ महिला ने पति पर किया मुकदमा कोर्ट ने सुनाया ऐसा फैसलाˌ

    न नहाता है न ब्रश करता है…ˈ महिला ने पति पर किया मुकदमा कोर्ट ने सुनाया ऐसा फैसलाˌ

    न नहाता है न ब्रश करता है…ˈ महिला ने पति पर किया मुकदमा कोर्ट ने सुनाया ऐसा फैसलाˌ

    नई दिल्ली। आम तौर पर घरेलू हिंसा और एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के चलते लोगों के रिश्ते टूट जाते हैं या तलाक हो जाते हैं. लेकिन क्या कोई साफ सफाई को लेकर किसी को तलाक दे सकता है? दरअसल, तुर्की की एक महिला ने हाल ही में अपने पति के खिलाफ ऐसा मुकदमा दायर किया कि लोग हैरान रह गए.

    ‘5 दिनों तक कपड़े नहीं बदलता और ब्रश…’

    इस मुकदमे में दावा किया गया है कि वह कभी नहाता ही नहीं है और उससे पसीने की गंध आती है. इतना ही नहीं बल्कि वह सप्ताह में केवल एक या दो बार अपने दांत ब्रश करता है. महिला की पहचान केवल ए.वाई. के रूप में की गई है. तुर्की समाचार मीडिया ने बताया कि विवाद का मुख्य कारण पति का साफ सफाई न रखना था. महिला ने अंकारा में 19वीं फैमिली कोर्ट को बताया कि उसके पति ने लगातार कम से कम 5 दिनों तक एक ही कपड़े पहने हुए हैं और उससे लगातार पसीने की बदबू आ रही है.

    ऑफिस के लोगों ने दी गवाही

    इन दावों की पुष्टि के लिए गवाहों को भी लाया गया, जिनमें आपसी परिचित और यहां तक ​​कि पति के ऑफिस कुछ सहकर्मी भी शामिल थे. उन सभी ने महिला की बात को सच बताया. अदालत ने अपने फैसले में तलाक के लिए महिला के अनुरोध को मंजूरी दे दी और पति को अपनी पूर्व पत्नी को पर्सनल हाइजीन की कमी के लिए मुआवजे के रूप में 500,000 तुर्की लीरा ($ 16,500- 13.68 लाख रुपये) का भुगतान करने का भी आदेश दिया.

    ए.वाई. के वकील, सेनेम यिलमाज़ेल ने तुर्की समाचार पत्र सबा को बताया, पति-पत्नी को शेयर्ड लाइफ की ज़िम्मेदारियां पूरी करनी चाहिए. यदि एक के व्यवहार के कारण साझा जीवन असहनीय हो जाता है, तो दूसरे पक्ष को तलाक की अर्जी दायर करने का अधिकार है. हम सभी को मानवीय संबंधों में सावधान रहना चाहिए. इस कारण हमें अपने व्यवहार और साफ़-सफ़ाई दोनों पर ध्यान देना चाहिए.

    ‘मुंह से गंदी बदबू आती है’

    अदालत में गवाहों की गवाही के अनुसार,महिला का पति हर 7-10 दिनों में एक बार ही नहाता था और सप्ताह में केवल एक या दो बार अपने दांत ब्रश करता था. इस कारण से उसके बदन और मुंह से गंदी बदबू आती थी. शख्स के खिलाफ गवाही देने वाला उसके सहकर्मियों का कहना था कि उन्हें भी उसके आसपास बैठकर काम करने में बदबू आती है. आखिरकार महिला ने शख्स को तलाक दे दिया. बता दें कि ऐसे मामले पहले भी आए हैं. साल 2018 में, एक ताइवानी व्यक्ति ने अपनी पत्नी को इसलिए तलाक दे दिया था क्योंकि वह साल में केवल एक बार नहाती थी.

  • आयुर्वेद का छुपा हुआ ताकतवर पौधा! जिसेˈ लोग नशा समझकर छोड़ देते हैं, वही पुरुषों की ताकत बढ़ाने में माना जाता है असरदार

    आयुर्वेद का छुपा हुआ ताकतवर पौधा! जिसेˈ लोग नशा समझकर छोड़ देते हैं, वही पुरुषों की ताकत बढ़ाने में माना जाता है असरदार

    आयुर्वेद का छुपा हुआ ताकतवर पौधा! जिसेˈ लोग नशा समझकर छोड़ देते हैं, वही पुरुषों की ताकत बढ़ाने में माना जाता है असरदार

    आजकल लोग अपनी सेहत और ताकत बढ़ाने के लिए आयुर्वेदिक उपायों की ओर तेजी से लौट रहे हैं। इसी बीच एक ऐसा पौधा फिर से चर्चा में है, जिसे आमतौर पर लोग नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन आयुर्वेद में इसे बेहद प्रभावशाली औषधि माना गया है। हम बात कर रहे हैं भांग की, जिसे सही मात्रा और सही तरीके से उपयोग किया जाए तो इसके कई फायदे बताए जाते हैं। हालांकि, इसके बारे में आधी-अधूरी जानकारी कई बार नुकसान भी पहुंचा सकती है।

    आयुर्वेद के अनुसार भांग केवल नशे की चीज नहीं है, बल्कि यह एक औषधीय पौधा है, जो शरीर के कई असंतुलनों को ठीक करने में मदद कर सकता है। खासकर पित्त और कफ को संतुलित करने में इसकी भूमिका बताई गई है। पुराने ग्रंथों में इसे दर्द कम करने, भूख बढ़ाने और पाचन सुधारने वाली औषधि के रूप में भी वर्णित किया गया है। लेकिन यह भी साफ कहा गया है कि इसका इस्तेमाल बेहद सीमित मात्रा में और विशेषज्ञ की सलाह से ही करना चाहिए।

    भांग में कई तरह के सक्रिय रसायन पाए जाते हैं, जो शरीर और दिमाग दोनों पर असर डालते हैं। यही कारण है कि इसका प्रभाव केवल शारीरिक नहीं बल्कि मानसिक स्तर पर भी देखने को मिलता है। कुछ लोगों का मानना है कि कम मात्रा में इसका उपयोग करने से मूड बेहतर होता है और तनाव कम हो सकता है, लेकिन मात्रा बढ़ते ही इसके दुष्प्रभाव भी सामने आने लगते हैं।

    ग्रामीण इलाकों में आज भी भांग के पत्तों का उपयोग कुछ घरेलू उपचारों में किया जाता है। जैसे कान दर्द या संक्रमण की स्थिति में इसके पत्तों का रस इस्तेमाल करने की परंपरा है। इसी तरह सिरदर्द या माइग्रेन में भी इसके बाहरी प्रयोग का जिक्र मिलता है। हालांकि ये सभी उपाय पारंपरिक ज्ञान पर आधारित हैं और हर व्यक्ति पर एक जैसा असर करें, यह जरूरी नहीं है।

    कुछ आयुर्वेदिक मान्यताओं के अनुसार भांग का सीमित उपयोग श्वसन संबंधी समस्याओं में भी मदद कर सकता है। वहीं इसके बीजों को पोषण से भरपूर माना जाता है, जिनमें प्रोटीन और जरूरी अमीनो एसिड पाए जाते हैं। इसी वजह से कुछ लोग इसे शरीर की ताकत और मांसपेशियों के विकास से भी जोड़कर देखते हैं।

    अगर आधुनिक विज्ञान की बात करें तो रिसर्च में भी यह माना गया है कि भांग में मौजूद कुछ तत्व दर्द कम करने और भूख बढ़ाने में सहायक हो सकते हैं। लेकिन विज्ञान साफ तौर पर चेतावनी भी देता है कि इसका गलत या अधिक उपयोग मानसिक और शारीरिक दोनों तरह के नुकसान का कारण बन सकता है। यही वजह है कि इसे लेकर संतुलित नजरिया अपनाना बेहद जरूरी है।

    दरअसल, किसी भी औषधि की तरह भांग भी तभी फायदेमंद है जब इसका उपयोग सही मात्रा और सही तरीके से किया जाए। अधिक सेवन करने पर यह आदत बन सकती है और व्यक्ति को मानसिक भ्रम, कमजोरी और अन्य समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए बिना जानकारी या सिर्फ सुन-सुनकर इसका उपयोग करना सही नहीं है।

    अंत में यही कहा जा सकता है कि भांग एक ऐसा पौधा है जिसमें औषधीय गुण जरूर मौजूद हैं, लेकिन यह पूरी तरह इस बात पर निर्भर करता है कि आप इसे कैसे और कितनी मात्रा में इस्तेमाल करते हैं। सही जानकारी और विशेषज्ञ की सलाह के साथ इसका उपयोग लाभ दे सकता है, लेकिन लापरवाही इसे नुकसानदायक भी बना सकती है।

  • पापा की आलमारी से 46 लाख रूपयेˈ चुरा कर इस लड़के ने दोस्तों को बांटे तोहफ़ेˌ

    पापा की आलमारी से 46 लाख रूपयेˈ चुरा कर इस लड़के ने दोस्तों को बांटे तोहफ़ेˌ

    पापा की आलमारी से 46 लाख रूपयेˈ चुरा कर इस लड़के ने दोस्तों को बांटे तोहफ़ेˌ

    लोगों के द्वारा अक्सर ऐसा कहा जाता है कि आपका प्यार भले ही आपकी जिंदगी के किसी भी मोड़ पर आपका साथ छोड़कर चला जाए परंतु आपका सच्चा दोस्त आपकी जिंदगी के किसी भी मोड़ पर आप को धोखा नहीं दे सकता। आपने अब तक अपने जीवन में दोस्ती के ऊपर बनी कई सारी फिल्मों को भी जरूर देखा होगा। फिल्मों में दिखाए जाने वाली दोस्ती की ये किस्से कहानियाँ बनावटी हुआ करती हैं। परंतु आज हम आपको असल जिंदगी में दोस्ती की एक ऐसी घटना के बारे में बताने वाले हैं जिसके बारे में जानकारी आप भी हैरान रह जाएंगे। तो चलिए बताते हैं आपको इस घटना के बारे में-

    आपकी जानकारी के लिए बता दे कि यह घटना मध्यप्रदेश के जबलपुर की बताई जा रही है। इस घटना के मुताबिक फ्रेंडशिप डे के दिन एक लड़के ने अपनी दोस्ती को दिखाने के लिए अपने पिता के लॉकर में रखे 46 लाख रुपय चुरा लिया और चुराए गए उस पैसे को अपने दोस्तों के बीच बांट दिया। ऐसा बताया जा रहा है कि उस लड़के ने सबसे ज्यादा पैसे एक दिहाड़ी मजदूर के बेटे को दिया। आपको यह बात जानकर आश्चर्य होगा कि उस लड़के ने एक दो नहीं बल्कि पूरे 15 लाख रुपए मजदूर के बेटे को दे दिया। इसके साथ-साथ उस लड़के ने अपने होमवर्क कंप्लीट करने वाले दोस्तों को काफी ज्यादा पैसे दिए। अपने दोस्त के द्वारा मिले पैसे से उसके दोस्त ने एक गाड़ी तक खरीदा ली। इन सभी के अलावा उस लड़के ने अपने कोचिंग में पढ़ने वाले हर एक छात्र को एक स्मार्टफोन और एक ब्रेसलेट तोहफे के तौर पर दिया।

    उस लड़के के द्वारा की गई इस हरकत की जानकारी उसके माता-पिता को उस वक्त लगी जब उनके पिता अपने द्वारा रखे गए पैसे को निकालने गए। जब उस लड़के के पिता ने अपनी अलमारी खोली तो उनके तो होश उड़ गए। उस लड़के के पिता के मुताबिक उन्होंने हाल के दिनों में ही अपना एक मकान बेचकर 60 लाख जमा किए थे। परंतु जब वह अपनी अलमारी को खोलकर देखने गए तो उनकी अलमारी से आधे से ज्यादा पैसे गायब थे। पैसे गायब होने के बाद उन्होंने इस घटना की शिकायत पुलिस थाने में कर दी। पुलिस के पास शिकायत किए जाने के बाद पुलिस ने घटना को लेकर उनके परिजनों से पूछताछ शुरू कर दी। इसी दौरान उस शख्स के बेटे ने कुछ ऐसी जानकारी दें कि हर किसी के होश उड़ गए।

    पुलिस वाले के मुताबिक शिकायत करने वाले व्यक्ति के बेटे ने पुलिस के सामने बताया कि वह फ्रेंडशिप डे के मौके पर अपने दोस्तों के बीच अपनी रौब जमाने के लिए उन्हें कई खास तोहफे दिए। बस इतना ही नहीं फ्रेंडशिप डे के मौके पर उसने अपनी गर्लफ्रेंड को लाखों की एक अंगूठी भी दी। इस तरह के मामले के सामने आने के बाद पुलिस वालों ने 15 लाख रुपए रिकवर कर लिए। इसके साथ ही साथ पुलिस वालों ने उसके दोस्तों के परिवार वालों से गुजारिश की है कि वह उसके पैसे वापस कर दे। हालांकि हम आपको बता दें कि इस मामले में उस लड़के की नाबालिग होने की वजह से उसके ऊपर किसी भी तरह का केस दर्ज नहीं किया गया है।

  • नाबालिग बॉयफ्रेंड को भगा ले गई थीˈ गर्लफ्रेंड, दो महीने बाद बालिग हुआ तो वापस घर लौटे दोनों, मां बोली- बहू तो बनेगी मगरˌ

    नाबालिग बॉयफ्रेंड को भगा ले गई थीˈ गर्लफ्रेंड, दो महीने बाद बालिग हुआ तो वापस घर लौटे दोनों, मां बोली- बहू तो बनेगी मगरˌ

    नाबालिग बॉयफ्रेंड को भगा ले गई थीˈ गर्लफ्रेंड, दो महीने बाद बालिग हुआ तो वापस घर लौटे दोनों, मां बोली- बहू तो बनेगी मगरˌ

    Bhopal Viral News: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में एक नाबालिग और एक महिला की अनोखी प्रेम कहानी चर्चाओं में है. यहां एक 28 वर्षीय महिला को अपने से 11 साल छोटे नाबालिग लड़के से प्रेम हो गया. फिर महिला उसे बहला फुसलाकर अपने साथ ले गई. नाबालिग लड़के के परिवार वालों ने महिला पर अपहरण का केस दर्ज करवाया. पुलिस ने भी जगह-जगह दोनों की तलाश की. अब दो महीने बाद नाबालिग बालिग होकर घर लौट आया है.

    खास बात तो ये है कि महिला ने भी उसके घर पर डेरा डाल लिया है. किशोर एक सुनार की दुकान पर काम करता था. उसी दुकान में महिला कंप्यूटर ऑपरेटर थी. साथ काम करते-करते दोनों में नजदीकियां बढ़ीं. इसके बाद दोनों को एक दूसरे से प्रेम हो गया. 30 की रात किशोर ने अपनी मां से कहा कि वह माधवी (बदला हुआ नाम) के घर जा रहा है.

    इसके बाद उसका फोन बंद हो गया. परिजन जब किशोर से संपर्क नहीं कर सके तो उन्होंने पुलिस में उसके अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई. फिर पुलिस ने महिला को भी ट्रेस करने की कोशिश की, लेकिन वह भी लापता थी. किशोर बालिग हो गया और अपने घर लौट आया. उसने पुलिस को बताया कि वह महिला के साथ अपनी मर्जी से इंदौर में रह रहा था.

    महिला बोली-हम दोनों साथ रहेंगे

    इसके दो दिन बाद महिला भी किशोर के घर पहुंच गई और वहीं रहने लगी. महिला ने लड़के के घर वालों से कहा कि मैं किशोर से प्यार करती हूं और हम साथ ही रहेंगे. मैं किशोर से शादी तीन साल बाद करूंगी, जब सब ठीक होगा. महिला पर किशोर के अपहरण का केस दर्ज है, लेकिन अब जब किशोर बालिग है, तो कानूनी कार्रवाई सीमित हो गई है.

  • जेल में शुरू हुई थी इस क्रिकेटरˈ की Love Story, सजा काटते-काटते वकील को ही पटा लिया था

    जेल में शुरू हुई थी इस क्रिकेटरˈ की Love Story, सजा काटते-काटते वकील को ही पटा लिया था

    जेल में शुरू हुई थी इस क्रिकेटरˈ की Love Story, सजा काटते-काटते वकील को ही पटा लिया था

    वेलेंटाइन डे वीक की शुरुआत हो चुकी है। जल्द ही 14 फरवरी को प्यार का यह पर्व मनाया जाएगा। ऐसे में आज हम आपको एक ऐसी लोव स्टोरी बताने जा रहे हैं जिसे पढ़ आपको बॉलीवुड की कोई फिल्म याद आ जाएगी। यह लव स्टोरी एक क्रिकेटर और वकील के बीच की है। जिन्हें जेल और कोर्ट के चक्कर लगाते हुए आपस में प्यार हो गया था।

    हम यहां जिस क्रिकेटेर की बात कर रहे हैं वह एक जमाने में पाकिस्तान का सबसे शानदार गेंदबाज हुआ करता था। जी हाँ हम पूर्व तेज गेंदबाज मोहम्मद आमिर (Mohammad Amir) की बात कर रहे हैं। मोहम्मद आमिर पाकिस्तान क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं। वह इन दिनों PSL यानि Pakistan Super League खेलने को लेकर चर्चा का विषय बने हुए हैं।

    मोहम्मद आमिर PSL के शुरुआती मैच खेलने के बाद चोटिल हो गए थे। ऐसे में वे कराची किंग्स की टीम के लिए बाकी मैचों में अभी तक नहीं खेल पाए हैं। मोहम्मद आमिर आए दिन किसी न किसी वजह से सुर्खियों का हिस्सा बने रहते हैं। वे अपनी निजी जिंदगी को लेकर खूब हेडलाइंस बटोरते हैं।

    जेल में हुआ था प्यार

    मोहम्मद आमिर ने साल 2016 में नर्जिस खातून से शादी रचाई थी। दोनों की पहली मुलाकात जेल में हुई थी। बात 2010 की है। तब मोहम्मद आमिर इंग्लैंड के दौरे के समय स्पॉट फिक्सिंग के दोषी पाए गए थे। इस जुर्म में उन्हें 6 महीने की जेल हुई थी। ऐसी मुसीबत की घड़ी में भी उन्हें नर्जिस खान से प्यार हो गया था।

    दरअसल नर्जिस खातून तब पाकिस्तान मूल की इंग्लैंड में रहने वाली एक वकील थी। वह मोहम्मद आमिर का केस हैंडल कर रही थी। केस के सिलसिले में उनकी मोहम्मद आमिर से कई बार मुलाकात होती थी। इस दौरान दोनों को एक दूसरे से प्यार हो गया। मोहम्मद आमिर के लिए जेल में बिताए 6 महीने आसान नहीं थे, लेकिन इस दौरान नर्जिस खातून उनका हौंसला बढ़ाती रही।

    सजा खत्म हुई तो किया निकाह

    जेल में सजा खत्म होने के बाद मोहम्मद आमिर पाकिस्तान आए और नर्जिस खातून से निकाह कर लिया। हालांकि उनकी शादी की खबर मीडिया में बहुत दिनों बाद सामने आई। शादी के एक साल बाद यानि 2017 में नर्जिस खान ने पहली बेटी मिन्सा को जन्म दिया।

    मोहम्मद आमिर अपनी बीवी नर्जिस खातून और बच्चों संग इंग्लैंड में रहते हैं। उन्होंने पहले एक इंटरव्यू में कहा था कि वह शादी के बाद इंग्लैंड में रहना चाहते हैं। वे अपने बच्चों की पढ़ाई भी यहीं करवाना चाहते हैं। बताते चलें कि जब मोहम्मद आमिर पर बैन लगा था तब वह सिर्फ 18 साल के थे।

  • सिर्फ़ 50 पैसे का चुना लाखों रुपएˈ की दवाइयों पर भारी साबित होने वाला आयुर्वेदिक उपाय!ˌ

    सिर्फ़ 50 पैसे का चुना लाखों रुपएˈ की दवाइयों पर भारी साबित होने वाला आयुर्वेदिक उपाय!ˌ

    सिर्फ़ 50 पैसे का चुना लाखों रुपएˈ की दवाइयों पर भारी साबित होने वाला आयुर्वेदिक उपाय!ˌ

    दोस्तों, आपने कितनी बार सुना होगा –
    “कैल्शियम की कमी है, बड़ी-बड़ी गोलियाँ खाओ” या फिर “हड्डियाँ कमज़ोर हो गईं तो महंगी दवाइयाँ लेनी पड़ेंगी।”

    लेकिन सच्चाई यह है कि सिर्फ़ 50 पैसे का चुना आपके शरीर को इतना लाभ दे सकता है कि अस्पताल में खर्च होने वाले हज़ारों–लाखों रुपए बच सकते हैं।

    चुना किन-किन समस्याओं को दूर कर सकता है?

    • हड्डियाँ कमज़ोर होना, जोड़ से आवाज़ आना
    • घुटनों का दर्द, कमर दर्द, रीढ़ में गैप
    • हाथ-पैर सुन्न होना, फ़्रोज़न शोल्डर
    • एसिडिटी, खाना न पचना
    • शरीर में कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड बढ़ना
    • लिवर की समस्या (शराब से हुई परेशानी भी)

    👉 इतने सारे रोगों में यह छोटा-सा उपाय जबरदस्त असर करता है।

    लोगों के मन में सवाल

    ❓ “क्या चुना खाने से किडनी स्टोन हो जाएगा?”
    👉 अगर आपको पहले से ही किडनी स्टोन की समस्या है तो चुना या कोई भी कैल्शियम न लें।
    👉 लेकिन बाक़ी लोगों के लिए यह चुना बिल्कुल सुरक्षित है और बाज़ार की कैल्शियम गोलियों से 100 गुना प्राकृतिक है।

    चुना कितना और कैसे लेना है?

    • मात्रा: सिर्फ़ साबूदाने जितना (गेहूँ के आधे दाने से भी कम)।
    • समय: सुबह खाली पेट।
    • तरीका: एक गिलास पानी में घोलकर पिएँ। या फिर पान के पत्ते (नागवेली पत्ता) में रखकर चबाएँ।

    👉 यह उपाय लगातार 10–11 दिन करें।

    इसके फ़ायदे

    • हाथ-पैर की झुनझुनी हमेशा के लिए दूर होती है।
    • एसिडिटी कम होती है, पाचन सुधरता है।
    • कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड प्राकृतिक रूप से घटते हैं।
    • हड्डियाँ मज़बूत होती हैं, रीढ़ की हड्डी का गैप भरने लगता है।
    • दाँत दर्द में आराम।
    • बच्चों की लंबाई बढ़ने में मदद।
    • वज़न कम करने में सहायक।

    साइड इफ़ेक्ट से बचने का आसान तरीका (शाम को)

    सुबह चुना लेने के बाद शाम को सोने से पहले:

    • 1 गिलास गुनगुना पानी लें।
    • उसमें 1 चम्मच घी डालें।
    • अच्छे से मिलाकर पी लें।

    👉 इससे किडनी पर दबाव नहीं पड़ता और चुने का पूरा लाभ शरीर को मिलता है।

    आख़िरी और ज़रूरी बात

    लोग कैल्शियम की महंगी गोलियाँ खाते समय कभी सवाल नहीं करते, लेकिन प्राकृतिक उपाय पर हमेशा शक करते हैं। जबकि सच तो यह है कि यह छोटा-सा चुना कुछ ही दिनों में असर दिखा देता है।

  • क्या शोरूम से ही कराना जरूरी हैˈ इंश्योरेंस? जानें बाहर से पॉलिसी लेने के फायदे

    क्या शोरूम से ही कराना जरूरी हैˈ इंश्योरेंस? जानें बाहर से पॉलिसी लेने के फायदे

    क्या शोरूम से ही कराना जरूरी हैˈ इंश्योरेंस? जानें बाहर से पॉलिसी लेने के फायदे
    Bike Insurance Tips

    जब आप कोई नई कार या बाइक खरीदते हैं, तो शोरूम वाले आमतौर पर एक्स-शोरूम कीमत में बीमा (इंश्योरेंस), आरटीओ शुल्क और एक्सेसरीज़ की कीमत जोड़कर आपको ऑन-रोड कीमत बताते हैं। अक्सर शोरूम ग्राहक को बीमा बाहर से खरीदने का विकल्प नहीं देते हैं, जिससे ग्राहकों को मजबूरन उन्हीं से इंश्योरेंस खरीदना पड़ता है। ऐसे में यह जानना ज़रूरी है कि क्या वाहन बीमा शोरूम से लेना अनिवार्य है, या ग्राहक इसे बाहर से (ऑनलाइन या किसी अन्य एजेंट से) भी खरीद सकता है?

    शोरूम इंश्योरेंस से बचें

    वाहन खरीदते समय, आमतौर पर शोरूम में मिलने वाला बीमा बाहर या ऑनलाइन मिलने वाले बीमा से काफी महंगा होता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि शोरूम इंश्योरेंस की कीमत में अपना कमीशन जोड़ देते हैं, जिसका सीधा भार ग्राहक पर पड़ता है। उदाहरण के लिए, जहाँ एक 150cc बाइक का बीमा शोरूम में ₹17,000 से ₹18,000 तक बताया जाता है, वहीं ऑनलाइन खरीदने पर आप ₹4,000 से ₹5,000 तक की सीधी बचत कर सकते हैं।

    कहीं से भी खरीद सकते है इंश्योरेंस

    यह जानना ज़रूरी है कि ऐसा कोई नियम नहीं है जो ग्राहकों को शोरूम से ही वाहन का इंश्योरेंस खरीदने के लिए मजबूर करे। यदि आपको शोरूम पर मिलने वाला इंश्योरेंस महंगा लगता है, तो आप अपनी नई कार या बाइक के लिए बाहर से या ऑनलाइन बीमा कंपनियों से भी पॉलिसी खरीद सकते हैं। अक्सर ये कंपनियाँ काफी किफायती दरों पर इंश्योरेंस प्रदान करती हैं।

    नई बाइक का इंश्योरेंस खरीदने का आसान तरीका

    जब आप नई बाइक खरीद रहे हों, तो सबसे पहले उसका चेसिस नंबर नोट कर लें। इस नंबर की मदद से आप शोरूम में बैठे-बैठे ही ऑनलाइन इंश्योरेंस खरीद सकते हैं। एक बार जब आपको इंश्योरेंस नंबर मिल जाए, तो आप उसे शोरूम में दिखाकर बाइक खरीदने की आगे की प्रक्रिया आसानी से पूरी कर सकते हैं।

    बीमा खरीदते समय ध्यान रखने योग्य बातें

    जब भी आप ऑनलाइन या किसी एजेंट से बीमा खरीदें, तो सुनिश्चित करें कि कंपनी वास्तविक हो और बाज़ार में उसकी रेटिंग अच्छी हो। किसी एक कंपनी पर निर्भर न रहें; खरीदने से पहले अन्य कंपनियों के भी रेट और प्लान ज़रूर चेक करें। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि किसी भी दस्तावेज़ पर हस्ताक्षर करने से पहले नियम और शर्तें ध्यान से पढ़ें और यदि कोई बात समझ न आए तो तुरंत कस्टमर केयर से मदद लें।

  • “कोलकाता का सोनागाछी” के दर्द की कहानी,ˈ चंद पैसों के लिए लड़कियों की लगती है बोली

    “कोलकाता का सोनागाछी” के दर्द की कहानी,ˈ चंद पैसों के लिए लड़कियों की लगती है बोली

    “कोलकाता का सोनागाछी” के दर्द की कहानी,ˈ चंद पैसों के लिए लड़कियों की लगती है बोली

    कोलकाता का सोनागाछी: भारत देश में सैंकड़ों लड़कियां आए दिन वैश्यावृति के धंधे में कदम रख रही हैं. इनमे से कुछ लड़कियां किसी ना किसी बड़ी मज़बूरी या पैसों की जरूरत के लिए इस दलदल का हिस्सा बनती हैं तो कुछ जबरन इस कीचड़ में धकेल दी जाती हैं. आज हम आपको एशिया के सबसे बड़े वैश्यावृति इलाके कोलकाता का सोनागाछी के बारे में बताने जा रहे हैं. एक रिसर्च के अनुसार कोल्कता का सोनागाछी में हर साल करीब 11 हज़ार वैश्यायें बहु मंजिला इमारतों में देह व्यापर करती हैं. यह इलाका कोलकाता के शिभा बाजार में स्तिथ चित्तरंजन एवेन्यू में मौजूद है. कोलकाता के इस इलाके को कुछ लोग बदनाम गलियों के नाम से भी जानते हैं. यहाँ रहने वाली औरतों की स्तिथि काफी दयनीय है.
    दरअसल कोलकाता का सोनागाछी स्लम एरिया है जहाँ गरीबी रेखा से नीचे के लोग रहते हैं. ऐसे में यदि किसी के घर बच्ची पैदा हो जाती है तो उसके जन्म से पहले ही उसकी किस्मत का फैसला कर दिया जाता है और उसको जिस्म बेचने के लिए भेज दिया जता है. सोनागाछी में नाबालिग लड़कियों को भी अपनी उम्र से दुगुनी उम्र के लोगों के साथ संबंध बनाने पर जोर दिया जाता है. गौरतलब है कि मात्र 120 रुपए के लिए हर रोज़ सैंकड़ों लड़कियां अपना जिस्म बेच रही हैं.

    कोलकाता का सोनागाछी- यहाँ मिलेगी हजारों लड़कियां

    एक रिपोर्ट के अनुसार कोलकाता की इन बदनाम गलियों में लगभग 12 हज़ार से अधिक लड़कियां वैश्यावृति के धंधे का हिस्सा बन चुकी हैं. यहाँ एक महिला को एक ग्राहक के सात्त सोने के बदले 100-150 रुपए मिलते हैं. इतने कम पैसों में मासूमो को दिन में कईं ग्राहकों के सामने खड़ा कर दिया जाता  है. महंगाई के इस दौर में इतने कम पैसों में गुजारा करा नामुमकिन है लेकिन यहाँ के रहने वाले लोगों की मज़बूरी और लाचारी इतनी ज्यादा है कि ना चाहते हुए भी उन्हें अपनी घर की बहुत बेटियों की बोली लगवानी पडती है. सोनागाछी की कईं तसवीरें इंटरनेट पर मिलती हैं जो इनकी लाचारी और मज़बूरी को बाखूबी दर्शाती हैं.

    कोलकाता का सोनागाछी- नाबालिग लड़कियां भी है शामिल

    ख़बरों की माने तो हर साल एक हज़ार नई लड़कियां कोलकाता का सोनागाछी की हिस्सा बनती हैं और फिर वह चाह कर भी कभी इस दलदल से नहीं निकल पाती. अंग्रेजी में वैश्यावृति के कोठे को ‘वन वे डोर’ कहा जाता है. जहाँ आना तो आसान है लेकिन निकलने के लिए कोई रास्ता नहीं बनाया गया. गरीबी का आलम कुछ इस तरह है कि यहाँ बालिग लड़कियों से भी अधिक संख्या नाबालिग वैश्याओं की है. अगर कोई लड़की इसका विरोध जताती है तो उसके साथ क्रूरता की सारी हदें पार की जाती है और मार पीट करके उसको धंधे पर बिठाया जाता है.

    कोलकाता का सोनागाछी

    एक स्लम इलाका है जहाँ की तंग गलियों को देख कर ही इसमें रहने वाले लोगों की मजबूरी और गरीबी का अंदाजा लगाया जा सकता है. अपने परिवार की आर्थिक हालत में सुधार लाने के लिए यहाँ की बेटियों की दिन में 15 से 20 लोगों के साथ शारीरक संबंध बनाने के लुए मजबूर किया जाता है और मना करने पर उनके साथ जबरदस्ती की जाती है.