Author: me.sumitji@gmail.com

  • शराबी को काटना किंग कोबरा को पड़ˈ गया महंगा सांप मर गया शराबी बच गयाˌ

    शराबी को काटना किंग कोबरा को पड़ˈ गया महंगा सांप मर गया शराबी बच गयाˌ

    शराबी को काटना किंग कोबरा को पड़ˈ गया महंगा सांप मर गया शराबी बच गयाˌ

    किंग कोबरा, यह नाम सुनकर ही कई लोग डर से थर थर कांपने लगते हैं। सांप एक ऐसा जीव है जिसके आस पास कोई भी भटकना नहीं चाहता है। लोग जितना हो सके इससे दूर रहना पसंद करते हैं। लेकिन कई बार जाने अनजाने में हमारा सामना सांप से हो जाता है। किस्मत बुरी हो तो सांप हमें काट भी देता है। जब सांप काटता है तो लोग घबरा जाते हैं। तुरंत डॉक्टर के पास दौड़ते हैं। कुछ की हालत तो इतनी खराब हो जाती है कि वह बेहोश हो जाते हैं। बुरी से बुरी स्थिति में मर भी जाते हैं।

    शराबी को काटते ही मर गया सांप

    लेकिन आज हम आपको एक ऐसे बंदे से मिलाने जा रहे हैं जिसको सांप के काटने के बाद वह तो नहीं मारा लेकिन सांप जरूर स्वर्ग सिधार गया। जी हां आपने सही पढ़ा। इस बंदे को काटने के बाद सांप की तुरंत मौत हो गई। यह शख्स एक नंबर का शराबी था जिसे सांप ने 2 बार काटा लेकिन  उसे कुछ नहीं हुआ। वहीं सांप की सांसे थम गई। जब यह शख्स मरे हुए सांप को लेकर अस्पताल पहुंचा तो सभी के होश उड़ गए। तो चलिए इस अजब गजब मामले को थोड़ा और विस्तार से जानते हैं।

    दरअसल यह अनोखा मामला उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले का है। यहां जिला अस्पताल में उस समय हड़कंप मच गया जब एक शराबी इमरजेंसी वार्ड में पहुंचा। इस शराबी ने बताया कि उसे किंग कोबरा सांप ने दो बार अलग–अलग जगहों पर काटा। सांप की तो मौत हो गई लेकिन वह अभी जिंदा है। इसके बाद उसने डॉक्टर से इंजेक्शन लगाने की गुहार लगाई। हालांकि डॉक्टर इस बात से हैरान रह गए कि सांप के काटने के बाद भी यह शख्स अच्छी हालत में है जबकि सांप की मौत हो गई।

    लोग बोले– जहर ही जहर को मारता है

    बताते चलें कि यह शराबी शख्स अपने साथ मरे हुए सांप को झोले में भरकर अस्पताल भी लाया था। अब यह पूरा मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। इस मामले के वीडियो को लेकर लोग कई तरह के मिम्स बना रहे हैं। इस वीडियो को इंस्टाग्राम पर kashyap_memer नाम के पेज ने शेयर किया है। इस वीडियो को देखकर लोग खूब मजे ले रहे हैं। अभी यह क्लियर नहीं है कि यह मामला ताजा है या कोई पुराना है।

  • ये 3 इशारे जाहिर करते हैं किˈ लड़की नहीं करती है आपको पसंद छोड़ दीजिये उसका पीछाˌ

    ये 3 इशारे जाहिर करते हैं किˈ लड़की नहीं करती है आपको पसंद छोड़ दीजिये उसका पीछाˌ

    ये 3 इशारे जाहिर करते हैं किˈ लड़की नहीं करती है आपको पसंद छोड़ दीजिये उसका पीछाˌ

    कई बार ऐसा देखा गया है कि आप किसी को बहुत ज्यादा पसंद कर रहे हैं और आपको पता भी नहीं रहता की क्या सामने वाला भी आपको पसंद करता है या नहीं। इन सारी बातों से आप कन्फ्यूजन में पड़ जाते हैं। अगर आपको इस बात की जानकारी हो जाए कि जिसके बारे में आप सोच रहे हैं वो व्यक्ति आपके बारे में क्या महसूस करता है तो आपके लिए बहुत आसानी हो जाएगी। आप जिसको पसन्द करते हैं वो भी आपको पसंद करता है तो फिर आपलोग एकदुसरे से मिल सकते हैं बातचीत कर सकते है। मगर दूसरी तरफ आप जिसको पसन्द कर रहे हैं वो व्यक्ति आपको नापसंद करता है तो उसके पीछे अपना समय बर्बाद ना ही करें तो आपके लिए अच्छा रहेगा।

    समझिए लड़कियों के ये इशारे

    अगर आप भी किसी लड़की को पसंद करते हैं और आप नहीं समझ पा रहे की वो लड़की भी आपको पसंद करती है या नहीं तो ये खबर आपके लिए बेहद आसानी लाएगी। इसके जरिए आपकी सारी उलझने समाप्त हो जाएंगी और आप अपना समय भी बेकार में बर्बाद करने से बचेंगे।

    लडकियां लड़कों की अपेक्षा ज्यादा शर्मीली होती है वे अपने मन की बात जल्दी नहीं कह पाती हैं। बहुत बार ऐसा होता है कि लड़की आपसे प्यार करती है लेकिन खुद आ कर कभी नहीं बताएगी। अक्सर लडकियां अपनी बातों को इशारों में बताती हैं। तो आईये जानते हैं वे तीन इशारों के बारे में जिन्हें जानने के बाद आप समझ पाएंगे की जिसको आप पसन्द करते हैं क्या वो भी आपको पसंद करती है।

    • आप जिसको पसन्द करते हैं और अगर वो आपकी कही बातों को अनसुना कर दे ,आपकी तरफ बिल्कुल ध्यान ना दे तो आपको तुरंत समझ लेना चाहिए कि लड़की आपको नहीं पसंद करती है।
    • आप जिस रास्ते से जा रहे हैं और अगर आपको देख कर लड़की रास्ता बदल दे तो यह साफ तौर पर दर्शाता है की  लड़की आपको पसंद नहीं करती ऐसे में आपका उसके पीछे पड़ना मतलब सिर्फ अपना समय बर्बाद करना।
    • अगर आप लड़की से बात करना चाहते हैं और वो बार बार किसी बहाने से बात को टाल देती है तो आपको उस लड़की के पीछे अपना समय नहीं बर्बाद करना चाहिए।
  • मेंढक वाला दूध: पुराने ज़माने में दूधˈ ताज़ा रखने के लिए लोग करते थे ये अजीब जुगाड़ जानिए ‘मेंढक वाले दूध का पूरा किस्साˌ

    मेंढक वाला दूध: पुराने ज़माने में दूधˈ ताज़ा रखने के लिए लोग करते थे ये अजीब जुगाड़ जानिए ‘मेंढक वाले दूध का पूरा किस्साˌ

    मेंढक वाला दूध: पुराने ज़माने में दूधˈ ताज़ा रखने के लिए लोग करते थे ये अजीब जुगाड़ जानिए ‘मेंढक वाले दूध का पूरा किस्साˌ

    कल्पना कीजिए:
    आपने दूध निकाला है, और ताज़ा बनाए रखने के लिए उसे ठंडी जगह नहीं बल्कि… एक मेंढक के साथ बर्तन में रख दिया गया है!
    आज के समय में यह बात किसी कहानी जैसी लगती है, लेकिन रूस और फिनलैंड जैसे ठंडे देशों में एक ज़माने में यह आम बात थी


    🐸 मेंढक और दूध — क्या रिश्ता था?

    फ्रिज आने से पहले, दूध को जल्दी खराब होने से बचाना एक बड़ी चुनौती थी। खासकर रूस और फिनलैंड जैसे देशों में, जहाँ ज़्यादातर समय ठंड रहती है, फिर भी दूध कुछ ही घंटों में फट सकता था। ऐसे में वहां के लोगों ने लोकल ज्ञान और परंपरा से एक अनोखा तरीका अपनाया — दूध के बर्तन में जीवित मेंढक डाल देना


    🔬 आज का विज्ञान भी हैरान है

    आज के वैज्ञानिकों ने जब इस परंपरा पर शोध किया, तो पता चला कि मेंढक की त्वचा से निकलने वाले कुछ पदार्थों में प्राकृतिक एंटीबायोटिक गुण होते हैं
    इन गुणों के कारण दूध में पनपने वाले हानिकारक बैक्टीरिया मर जाते हैं और दूध ज्यादा देर तक ताज़ा बना रहता है।

    फिनलैंड की यूनिवर्सिटी ऑफ हेलसिंकी के कुछ शोधकर्ताओं ने मेंढकों की त्वचा से करीब 76 अलग-अलग प्रकार के एंटीमाइक्रोबियल पेप्टाइड्स पाए, जो दूध को खराब होने से रोक सकते हैं।


    ❄️ फ्रिज के बिना भी ‘नेचुरल प्रिजर्वेशन’

    मेंढक को दूध में डालने का ये तरीका दिखाता है कि पुराने ज़माने के लोग भी वैज्ञानिक सोच रखते थे, बस उनके पास आज जैसा लैब और तकनीक नहीं था। वो प्राकृतिक स्रोतों से समस्याओं का हल निकालते थे, जो पर्यावरण के लिए भी अनुकूल होता था।


    🤔 क्या आज के ज़माने में यह तरीका लागू हो सकता है?

    नहीं! क्योंकि अब हमारे पास:

    • फ्रिज और डीप फ्रीज़र हैं
    • पैकेज्ड मिल्क आता है, जो प्रोसेस्ड होता है
    • स्वच्छता के नए मापदंड हैं

    मेंढक वाला तरीका आज के समय में स्वास्थ्य और नैतिकता के मापदंड पर खरा नहीं उतरता। लेकिन यह जरूर दिखाता है कि हमारे पूर्वज कितने रचनात्मक और प्रयोगशील थे।

  • संपत्ति की रजिस्ट्री करवाकर ही खुद कोˈ मान बैठे हैं मालिक तो खा जाएंगे धोखा चाहिए होंगे ये 12 दस्तावेजˌ

    संपत्ति की रजिस्ट्री करवाकर ही खुद कोˈ मान बैठे हैं मालिक तो खा जाएंगे धोखा चाहिए होंगे ये 12 दस्तावेजˌ

    संपत्ति की रजिस्ट्री करवाकर ही खुद कोˈ मान बैठे हैं मालिक तो खा जाएंगे धोखा चाहिए होंगे ये 12 दस्तावेजˌ

    Property Registry New Supreme Court Ruling: अब भारत में जमीन (Property) के मालिकाना हक के लिए केवल रजिस्ट्री ही पर्याप्त नहीं होगी, बल्कि अन्य कई दस्तावेज भी जरूरी होंगे। इसको लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है।सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सिर्फ रजिस्ट्रेशन से ही किसी व्यक्ति को संपत्ति या जमीन का स्वामित्व या मालिकाना हक (Property Ownership) नहीं मिल जाता, इसके लिए अन्य कई दस्तावेजों की भी जरूरत होगी। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि जमीन का रजिस्ट्रेशन किसी व्यक्ति के दावे का समर्थन कर सकता है, लेकिन यह प्रॉपर्टी पर कानूनी कब्जे या नियंत्रण के बराबर नहीं है। इस फैसले से पूरे देश में जागरूकता पैदा हुई है, हालांकि प्रॉपर्टी होल्डर्स, रियल एस्टेट डेवलपर्स पर इसका काफी असर पड़ने वाला है।

    बता दें कि इससे पहले सभी को यही मालूम था कि अगर उनके पास प्रॉपर्टी का रजिस्ट्रेशन है, तो वह उसके मालिक हैं। लेकिन कोर्ट के फैसले के अनुसार प्रॉपर्टी के संपूर्ण कानूनी मालिकाना हक के लिए केवल रजिस्ट्रेशन ही पर्याप्त नहीं होगा। इसके लिए आपके पास कानूनी तौर पर संपूर्ण स्वामित्व (ओनरशिप) होना चाहिए। कोर्ट का मानना है कि इससे प्रॉपर्टी के विवादों और धोखाधड़ी के मामलों में कमी आएगी। कोर्ट ने साफ किया कि केवल रजिस्ट्री के आधार पर ही प्रॉपर्टी का लेन-देन नहीं किया जा सकता है।

    सुप्रीम कोर्ट के फैसले का क्या मतलब?
    सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से काफी लोग हैरान हैं। इस फैसले का दूरगामी असर होगा। सुप्रीम कोर्ट के इस नए फैसले का मतलब है कि अब हमें प्रॉपर्टी की रजिस्ट्री के साथ ही अन्य कानूनी दस्तावेज भी समय से तैयार करवाने होंगे। तभी हमें उस प्रॉपर्टी की संपूर्ण कानूनी ओनरशिप यानी मालिकाना हक मिल पाएगा। इस ओनरशिप के बाद ही आपके पास अपनी संपत्ति के मालिकाना हक के साथ ही उसके उपयोग, मैनेजमेंट और ट्रांसफर का कानूनी हक रहेगा।

    यह निर्णय उन लोगों के लिए विशेष रूप से प्रासंगिक है, जिन्होंने खरीद, विरासत या अन्य माध्यमों से संपत्ति अर्जित की है। संपत्ति मालिकों को अब संपत्ति संबंधित सभी दस्तावेजों की कानूनी मान्यता हासिल करने और स्वामित्व व रजिस्ट्रेशन के मुद्दों को समझने के लिए लीगल प्रोफेशन्ल्स से परामर्श लेने की सलाह दी जा रही है। संपत्ति मालिकों को संपत्ति संबंधी कानूनों में होने वाले बदलावों और कोर्ट द्वारा उनकी व्याख्या करने के तरीके के बारे में भी जानकारी रखनी चाहिए।

    तो दी जा सकेगी मालिकाना हक को चुनौती
    अदालत ने इस बात पर भी जोर दिया कि अगर किसी के पास प्रॉपर्टी की केवल रजिस्ट्री ही है, और उस पर किसी अन्य का कब्जा है या उस संपत्ति पर अधिकार संबंधी कोई विवाद है, तो मालिकाना हक को चुनौती दी जा सकती है। इस फैसले से स्पष्ट है कि अब अगर आप कोई प्रॉपर्टी खरीदते हैं, तो आपको ज्यादा सतर्क रहना होगा और बारीकी से प्रॉपर्टी के सभी अन्य दस्तावेजों की जांच करनी होगी और उन्हें अपने पक्ष में ट्रांसफर कराना होगा।

    कौन होगा ज्यादा प्रभावित?
    सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से रियल एस्टेट क्षेत्र और अभी तक अपनाई जा रही कानूनी प्रथाओं में बदलाव आ सकता है। डेवलपर्स, खरीदारों और वकीलों को अधिक स्पष्ट रूप से निर्धारित कानूनी ढांचे के भीतर काम करने की आवश्यकता होगी। यह स्पष्टता संपत्ति के लेन-देन को अधिक विश्वसनीय बनाएगी। इसका असर संपत्ति की कीमतों पर भी पड़ सकता है, क्योंकि कानूनी स्वामित्व (ऑनरशिप) अब रजिस्ट्रेशन से अधिक महत्वपूर्ण हो जाएगा।

    मालिकाना हक के लिए कौन से डॉक्यूमेंट जरूरी?

    1- बिक्री आलेख (द सेल डीड): यह एक ऐसा डॉक्यूमेंट है, जो किसी प्रॉपर्टी के मालिकाना हक को एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति को ट्रांसफर करने के रूप में काम करता है। पहली बार किसी भी प्रॉपर्टी को खरीदने के लिए बिक्री विलेख उचित कानूनी मालिकाना हक सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण दस्तावेज है।

    2- द मदर डीड: किसी भी प्रॉपर्टी के लेन-देन में ‘द मदर डीड’ बेहद जरूरी कानूनी दस्तावेज है। यह प्रॉपर्टी के पूरे मालिकाना हक के इतिहास को दर्शाता है। इसमें प्रॉपर्टी के सभी लेन-देन का रिकॉर्ड होता है। खासकर यह दस्तावेज उस समय जरूरी होता है, जब आप उसके बदले बैंक से लोन लेना चाहते हैं।

    3- बिक्री और खरीद समझौता (SPA): किसी भी प्रॉपर्टी की खरीद के लिए बिक्री और खरीद समझौता सबसे जरूरी दस्तावेजों में शामिल है। इसमें खरीदने और बेचने वाले के बीच लेनदेन की शर्तों की डिटेल होती है। इसमें प्रॉपर्टी को बेचने की कीमत, भुगतान की शर्तें शामिल हैं।

    4- भवन स्वीकृति योजना: किसी भी प्रॉपर्टी पर घर बनाने के लिए पहले स्थानीय नगर निगम या अथॉरिटी से मंजूरी लेनी होती है। इसके लिए यह दस्तावेज भी बेहद जरूरी होता है।

    5- कब्जा पत्र (Possession Letter): यह एक कानूनी दस्तावेज है, जो प्रूव करता है कि प्रॉपर्टी का मालिकाना हक एक पक्ष से दूसरे पक्ष को ट्रांसफर हो गया है। यह पत्र बिल्डर की ओर से जारी किया जाता है, जिसमें बताया जाता है कि खरीदार किसी तारीख से प्रॉपर्टी पर कब्जा कर सकता है।

    6- कंप्लीशन सर्टिफिकेट (Completion Certificate): यह एक ऐसा दस्तावेज है जो यह प्रूव करता है कि बिल्डिंग का निर्माण स्थानीय नियमों के मुताबिक किया गया है और साथ ही नगरपालिका या डेवलपमेंट अथॉरिटी द्वारा निरीक्षण पास कर लिया गया है। बता दें कि किसी भी क्षेत्र में पानी, बिजली और जल निकासी जैसी जरूरी सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए इस सर्टिफिकेट की जरूरत पड़ती है।

    7- खाता प्रमाणपत्र (Account Certificate): यह एक रेवेन्यू सर्टिफिकेट है, जिसमें प्रॉपर्टी की डिटेल्स होती है। इसमें प्रॉपर्टी का साइज, जगह और वह एरिया शामिल होता है, जहां पर उसका निर्माण किया गया है। बता दें कि यह दस्तावेज प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान करने के लिए जरूरी है। इसके अलावा प्रॉपर्टी लोन लेने के लिए भी इसकी जरूरत होती है।

    8- अलॉटमेंट लेटर: यह एक कानूनी दस्तावेज है, जो प्रॉपर्टी बुक करने के बाद प्रॉपर्टी डेवलपर या सेलर की ओर से खरीदार को जारी किया गया जाता है। खासकर यह उस समय ज्यादा जरूरी होता है, जब आप कोई ऐसी प्रॉपर्टी खरीद रहे हों, जिसका अभी निर्माण चल रहा है।

    9- भार प्रमाण पत्र (Encumbrance Certificate): यह सर्टिफिकेट प्रूव करता है कि प्रॉपर्टी पर किसी तरह की कोई देनदारी नहीं है और कानूनी विवादों से मुक्त है।

    10- नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC): यह एक ऐसा कानूनी दस्तावेज है जो यह साबित करता है कि प्रॉपर्टी पर लोन चुकाने के बाद, लोन देने वाले बैंक को अब उस संपत्ति पर कोई दावा या अधिकार नहीं है।

    11- पहचान और पते का प्रमाण: अगर आप कोई प्रॉपर्टी खरीदते हैं, तो आपको सुनिश्चित करना चाहिए कि उसके पास वैलिड आईडी जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड या पासपोर्ट हो। इसके अलावा एड्रेस के सर्टिफिकेट के लिए दस्तावेज दिए जाते हैं।

    12- RERA (विनियमन और विकास) अधिनियम, 2016 के तहत अनुपालन: रियल एस्टेट डेवलपर्स को अपने प्रोजेक्ट को RERA अथॉरिटी के साथ रजिस्टर करना चाहिए। अगर आप कोई प्रॉपर्टी खरीदते हैं, तो सुनिश्चित करें कि प्रॉपर्टी RERA अथॉरिटी में रजिस्टर है या फिर नहीं। बता दें कि हर एक राज्य के लिए RERA परियोजना के खिलाफ दर्ज की गई किसी भी शिकायत की जानकारी देता है।

  • शादी में नहीं मिला मटन तो मंडपˈ से गायब हो गया दूल्हा, उसी रात रचा ली दूसरी लड़की से शादीˌ

    शादी में नहीं मिला मटन तो मंडपˈ से गायब हो गया दूल्हा, उसी रात रचा ली दूसरी लड़की से शादीˌ

    शादी में नहीं मिला मटन तो मंडपˈ से गायब हो गया दूल्हा, उसी रात रचा ली दूसरी लड़की से शादीˌ

    जब भी घर में किसी लड़की की शादी होती है तो माता पिता के ऊपर सबसे ज्यादा प्रेशर रहता है। हर पिता अपनी बेटी की शादी धूमधाम से करना चाहता है। इसके लिए वह अपनी क्षमता के अनुसार मेहमानों का स्वागत भी करता है। लेकिन कुछ लालची लोग ऐसे भी होते हैं जिनके लिए जितना भी कर लो कम ही होता है। वे कभी लड़कीवालों के स्वागत और दहेज से खुश नहीं होते हैं। छोटी छोटी बातों पर शादी तोड़ने तक को तैयार हो जाते हैं। अब ओडिशा (Odisha) के जाजपुर (Jajpur) की इस घटना को ही ले लीजिए। यहाँ दूल्हा खाने में मटन न मिलने से इतना नाराज हो गया कि शादी के मंडप से ही गायब हो गया।

    दरअसल शादी वाले दिन शुरुआत में तो सबकुछ अच्छा चल रहा था। लड़की के पिता ने शादी की अच्छी तैयारी कर रखी थी। बरातियों का स्वागत भी अच्छे से किया। फिर शादी की रस्में शुरू हो गई। दूल्हा दुल्हन मंडप में जाकर बैठ गए और बाराती खाना खाने में व्यस्त हो गए। हालांकि खाने के पंडाल पर पहुंचते ही दूल्हा पक्ष नाराज हो गया। उन्हें इस बात की नाराजगी थी कि लड़कीवालों ने खाने में मटन नहीं रखा था। इस बात को लेकर हंगामा हो गया।उधर जब मंडप में बैठे दूल्हे को यह बात पता लगी तो वह बहुत गुस्सा हुआ। उसे मटन न मिलने की बात इतनी बुरी लगी कि वह मंडप छोड़कर चला गया। दूल्हे की यह हरकत देख लड़की वाले हैरान रह गए। उन्होंने सपने में भी नहीं सोचा था कि इतनी सी बात को लेकर उनकी बेटी की शादी टूट जाएगी। शादी में आए बरातियों का कहना था कि खाने में मटन देने की बात पहले ही तय हो गई थी। फिर भी लड़कीवालों ने भोजन में मटन नहीं रखा।

    अब लड़कीवालों को भला कहां पता था कि शादी में मटन की डिमांड पूरी न होने पर इतना बड़ा बवाल मच जाएगा। उधर हद तो तब हो गई जब दूल्हा इस शादी को तोड़ अपने रिश्तेदार के साथ एक दूसरे गाँव चला गया और उसने उसी रात एक अन्य लड़की से शादी रचा ली। यह पूरी घटना सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई है। जानकारी के मुताबिक फिलहाल इस मामले पर लड़कीवालों ने कोई भी शिकायत दर्ज नहीं कारवाई है।

    हालांकि गांव में इस शादी को लेकर काफी बातें हो रही है। गांववाले भी लड़के वालों की इस हरकत की आलोचना कर रहे हैं। किसी ने कहा कि ऐसे लोगों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। वहीं कुछ ने ये भी कहा कि अच्छा हुआ जो शादी के पहले ही दूल्हे का असली रंग पता चल गया। ऐसे लड़के से लड़की की शादी हो जाती तो वह जीवनभर दुखी रहती।

    वैसे इस पूरे मामले पर आपकी क्या राय है हमे कमेंट कर जरूर बताएं। यदि आपके घर की शादी में लड़के वाले ऐसी हरकत करते तो आप क्या करते? आपके हिसाब से ऐसे लोगों को कैसी सजा दी जानी चाहिए? जरा उस लड़की के पिता का सोचिए जिसकी इज्जत और पैसा ऐसे वाहियात लोगों की वजह से बर्बाद हो गई।

  • सोने से पहले कमरे में जलाएं सिर्फˈ 1 तेज पत्ता, इसके बाद जो होगा उस पर यकीन करना हो जाएगा मुश्किलˌ

    सोने से पहले कमरे में जलाएं सिर्फˈ 1 तेज पत्ता, इसके बाद जो होगा उस पर यकीन करना हो जाएगा मुश्किलˌ

    सोने से पहले कमरे में जलाएं सिर्फˈ 1 तेज पत्ता, इसके बाद जो होगा उस पर यकीन करना हो जाएगा मुश्किलˌ

    आपको किसी तरह का कोई तनाव न हो। आपका मन शांत हो। आप सुकून महसूस करें। लेकिन अमूमन ये हो नहीं पाता। दिनभर चाहे आप दफ्तर में रहें, कॉलेज जाएं या घर के कामों में उलझे रहें… तनाव हो ही जाता है। तनाव यानी स्ट्रेस। ये तनाव आपको रात को सोने नहीं देता। ये आपको मानसिक और शारीरिक तरीके से नुकसान पहुंचाता है। अगर आप छोटी सी कोशिश करें तो तनाव को मिनटों में दूर कर सकते हैं। इसके लिए आपको ज्यादा कुछ नहीं बस एक तेज़ पत्ता चाहिए ।

    तेज़ पत्ता हर किसी की किचन में बड़े ही आराम से मिल जाता है।

    ये सिर्फ 5 मिनट में आपके तनाव को दूर करने की क्षमता रखता है। एक रशियन साइंटिस्ट ने इस पर स्टडी की और पाया कि यह हमारे तनाव को दूर कर सकता है। यही वजह है कि तेज पत्‍ते को अरोमाथैरेपी के लिये इस्‍तेमाल किया जाता है। इसके अलावा, तेज़ पत्ता यह त्‍वचा की बीमारियों और सांस से संबन्‍धित समस्‍याओं को भी ठीक करने के लिये जाना जाता है।

    कैसे करें इस्तेमाल :

    एक तेज पत्‍ता लें और उसे किसी कटोरी या एैशट्रे में जला लें। अब इसे कमरे के अंदर लाकर 15 मिनट के लिए रख देंगे। आप पाएंगे कि तेज पत्‍ते की खुशबू पूरे कमरे में भर जाएगी। साथ ही आपको कमरे का माहौल काफी सुकून वाला लगेगा। ये आपको स्पा एक्सपीरियेंस देगा। कुछ देर इस कमरे में रिलेक्स होकर बैठ जाएं, आपको अपने अंदर सुकून बहता हुआ महसूस होगा और आपका तनाव कम होने लगेगा।

    तेज पत्ते को जलाने के फायदे :

    हमारा अच्छा , बुरा व्यवहार हमारे आस पास के वातावरण पर निर्भर करता है, हमारे आस पास की सुगंध–दुर्गन्ध हमारे व्यवहार को प्रभावित करती है | हमारे आस पास की नकारात्मक उर्जा हमारे अच्छे व्यवहार को बुरे व्यवहार की तरफ तब्दील कर देती है

    आज हम आपको बताये गे प्राचीन काल से चला आ रहा नकारात्मक वायु के परभाव को कम करने वाला नुख्सा  तेज पत्ते को जलाने से आपके व्यवहार में हैरानीजनक बदलाव आ जायेगा 

    तेज पत्ते को जलाने से निकलने वाला धुआं आपके आस पास के वातावरण को कुछ इस तरेह से बदल देगा के आपका और आपके आस पास के लोग का व्यवहार खुशमिजाज हो जायेगा  अपने घर में या अपने आप पास की किसी भी जगह पर तेज पत्ते को जलाये और इस का जादू देखें

    तेज पत्ते के जलाने के फायदे बस यही पर ही ख़त्म नहीं होते तेज पत्ता प्राचीन काल से बिमारिओ को ठीक करने के लिए रामबाण माना जाता है आप इसको अपने खाने में पका सकते है तथा पानी में उबाल कर पी सकते है !

    अच्छी नींद के लिए –

    रात को सोने से पहले तेजपत्ते का इस्तेमाल करना अच्छी नींद के लिए बहुत फायदेमंद है. तेजपत्ते के तेल की कुछ बूंदों को पानी में मिलाकर पीने से अच्छी नींद आती है.

    पेट के लिए –

    अगर आपको पाचन से जुड़ी समस्याएं हैं तो आप तेजपत्ते का इस्तेमाल कर सकते हैं. पेट से जुड़ी कई समस्याओं में ये कारगर उपाय है. चाय में तेजपत्ते का इस्तेमाल करके कब्ज, एसिडिटी और मरोड़ जैसी समस्याओं से राहत पा सकते हैं.

    डायबिटीज रोगियों के लिए –

    तेजपत्ते का इस्तेमाल टाइप 2 डायबिटीज में करना फायदेमंद होता है. ये ब्लड शुगर के लेवल को सामान्य बनाए रखता है और दिल की क्रियाशीलता पर भी सकरात्मक प्रभाव डालता है. ऐसे में जो लोग मधुमेह से पीड़ित हैं उनके लिए इसका सेवन करना बहुत ही फायदेमंद है.

    पथरी में लाभदायक –

    किडनी स्टोन और किडनी से जुड़ी ज्यादातर समस्याओं के लिए तेजपत्ते का इस्तेमाल बहुत फायदेमंद होता है. तेजपत्ते को उबालकर उस पानी को ठंडा करके पीने से किडनी स्टोन और किडनी से जुड़ी दूसरी समस्याओं में फायदा मिलता है.

    सर दर्द में –

    दर्द में राहत के लिए भी तेजपत्ता एक कारगर उपाय है. तेजपत्ते के तेल से प्रभावित जगह पर मसाज करना बहुत फायदेमंद होता है. इसके अलावा अगर तेज सिर दर्द हो रहा हो तो भी इसके तेल से मसाज करना अच्छा रहता है.

    मिर्गी के रोगियों के लिए – 

    तेज पत्ता Anti Inflammatory होता है, अगर आप मिर्गी के मरीज हो तो तेज पत्ते का धुआ आपके लिए वरदान है 

    काकरोच को दूर भगाने के लिए – 

    काकरोच को भगाने के लिए बाजार में बहुत सारे प्रोडक्ट्स पाए जाते है जो के बेहद महंगे और हमारे लिए तथा बचों की सेहत के लिए नुकसानदायक होते है
    अगर आप काकरोच से परेशान है तो तेज पत्तो को जला कर अपनी रसोई , गार्डन के कोनो में रखे और यह आपकी सेहत के लिए बिलकुल भी हानिकारक नहीं है!

  • इन 4 आदतों वाली लड़कियों बनती हैंˈ बेकार पत्नियां कर देती हैं घर और परिवार को बर्बादˌ

    इन 4 आदतों वाली लड़कियों बनती हैंˈ बेकार पत्नियां कर देती हैं घर और परिवार को बर्बादˌ

    इन 4 आदतों वाली लड़कियों बनती हैंˈ बेकार पत्नियां कर देती हैं घर और परिवार को बर्बादˌ

    आप सभी जानते हैं कि हर व्यक्ति अपने जीवन में शादी करता है क्योंकि यह कई समय से परंपरा चलती हुई आ रही है और जिस भी इंसान की शादी होती है वह अवश्य है अपने मन में यह सोचता है कि शादी के बाद उसके जीवन में बहार आ जाएगी और वह अपने दांपत्य जीवन में बहुत सारी खुशियां व्यतीत करेगा। किंतु आज कल की दुनिया में देखा गया है कि शादी के बाद कई लोगों की जिंदगी नर्क से भी बदतर हो जाती है क्योंकि उनके जीवन से हर प्रकार की खुशियों की समाप्ति हो जाती है और वह अपने पुराने जीवन को जीना तो दूर चेहरे पर मुस्कुराहट भी नहीं ला पाते हैं। इन चीजों के पीछे क्या कारण होते हैं वह किसी को बताते भी नहीं है किंतु मुख्यता देखा गया है कि इसका मुख्य कारण उनके पत्नी की होती है।

    तो आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि जिन लड़कियों में यह 4 आदतें देखने को मिलती है उनसे आप शादी ना करें तो चलिए जानते हैं वह कौन सी आदत है।

    लड़ाकू किस्म की लड़कियां:- वैसे तो आजकल के जमाने में लड़कियों को बोलने का पूरा हक प्राप्त है किंतु जो लड़कियां स्वभाव से ही लड़ाकू होती है छोटी या बड़ी बात किसी पर भी अपने पति या अन्य लोगों से लड़ने को तैयार रहती है उन लड़कियों से कभी शादी नहीं करनी चाहिए क्योंकि यदि इस प्रकार की लड़की से शादी कर लेते हैं तो उनका दांपत्य जीवन से खुशियां नष्ट हो जाती है क्योंकि वह अपने स्वभाव से हमेशा लड़ने-झगड़ने में ही भरोसा रखती है। परिवार के बारे में बिलकुल नहीं सोचती।

    अधिक लव अफेयर:- आप आज के जमाने में देख सकते हैं कि लड़कियों के कई सारे लड़कों के साथ अफेयर एक ही समय पर चलते हैं। यदि इस प्रकार की महिलाएं शादी के बाद भी यही स्वभाव रखती हैं तो उनके जीवन में हमेशा ही दुखी रहती हैं और वह एक अच्छी पत्नी नहीं बन पाती हैं इसीलिए इस प्रकार की लड़कियों से शादी ना करें।

    स्वार्थी लड़कियां:- जो महिलाएं अपने जीवन में स्वार्थी होती हैं या उनकी आदत होती है वह एक बहुत ही बेकार पत्नियां बन कर सामने आती है क्योंकि इस प्रकार की सोच रखने वाली महिलाएं कभी भी अपने पति या अपने परिवार के बारे में नहीं सोचती हैं केवल यदि उनको कोई काम होगा तभी वह रिश्तो की अहमियत को समझेंगे अन्यथा उनके लिए यह सब व्यर्थ है केवल अपनी ही खुशी के लिए यह कोई भी कार्य करना पसंद करती है।

    अपने पति को प्यार ना करने वाली:- आजकल के जमाने में अधिकतर यह देखा गया है कि यह लड़कियां अपने पुराने प्रेमी से ही शादी करना पसंद करती हैं किंतु घरवालों के नाम आने के बाद वह जबरदस्ती किसी और के साथ शादी कर लेती हैं किंतु यह महिलाएं शादी के बाद जिसके साथ पति पत्नी के संबंध में आई है उसे अपना पति तक स्वीकार नहीं करती हैं और ना ही पति कहना भी उन्हें पसंद होता है इसीलिए इस प्रकार की स्त्रियों के साथ कभी भी आप शादी ना करें अन्यथा आपकी शादी के बाद जीवन से खुशियां समाप्त हो जाएंगी।

  • आखिरकार 59 साल के सलमान खान काˈ बदला मन अमीषा पटेल संग लेंगे फेरे? जानें सच्चाई…ˌ

    आखिरकार 59 साल के सलमान खान काˈ बदला मन अमीषा पटेल संग लेंगे फेरे? जानें सच्चाई…ˌ

    आखिरकार 59 साल के सलमान खान काˈ बदला मन अमीषा पटेल संग लेंगे फेरे? जानें सच्चाई…ˌ

    Salman khan: बॉलीवुड में हर किसी की जुबान पर एक ही सवाल है कि 59 साल के सलमान खान (Salman khan) आखिर शादी कब करेंगे। सलमान खान की शादी को लेकर हर कोई उत्साहित है. एक्टर कब शादी करेंगे? इस बीच, आइए जानते हैं कि क्या सलमान खान ने अपना मन बदल लिया है और अमीषा पटेल के साथ सात फेरे लेंगे। जानिए क्या है सच्चाई?

    दोनों स्टार करेंगे शादी

    अभिनेत्री अमीषा पटेल ने फिल्मी मंत्रा के यूट्यूब चैनल पर बात करते हुए बॉलीवुड में शादी और तलाक दोनों पर बात की। इस दौरान अभिनेत्री ने यह भी बताया कि वह नहीं चाहतीं कि सलमान खान (Salman khan) अभी शादी करें। 50 साल की उम्र में अमीषा अभी भी सिंगल हैं। लेकिन वह हर मुद्दे पर बेबाकी से अपनी राय रखती हैं। बॉलीवुड सेलेब्स की शादियों के बारे में बात करते हुए अमीषा ने कहा कि कुछ शादियाँ काफी अच्छी रहीं, जैसे संजय दत्त और मान्यता की।

    अमीषा पटेल संग लेंगे फेरे

    बॉलीवुड बबल को दिए इंटरव्यू में जब एक्ट्रेस से इस बारे में सवाल पूछा गया तो अमीषा ने कहा- ‘एक फैन ने मुझसे ये सवाल पूछा था। उसे लगता था कि हम दोनों कुंवारे हैं और हमें एक अच्छा दिखने वाला बच्चा होना चाहिए। मैंने सोचा, ‘वाह… ये तो कमाल की वजह है।’ मुझे लगता है लोग अच्छे लोगों को साथ देखना चाहते हैं। ‘कहो ना प्यार है’ के बाद वे मुझे ऋतिक के साथ देखना चाहते थे। लेकिन जब ऋतिक ने शादी की घोषणा की, तो उनका दिल टूट गया। उन्हें लगा कि ये मुमकिन नहीं है।

    जानें क्या है सच्चाई?

    सलमान खान (Salman khan) ने अभी तक शादी नहीं की है. उनके पिता सलीम खान ने एक बार कहा था कि सलमान को लगता है कि उनकी पत्नी को भी अपने परिवार के प्रति समर्पित होना चाहिए। जो एक कामकाजी महिला के लिए मुश्किल है। कुछ लोगों का मानना है कि सलमान के कई अफेयर रहे और वह किसी एक रिश्ते में बंधने से डरते थे। वहीं, कुछ का कहना है कि वह शादी को बहुत महंगा मानते हैं।

  • छोटी बच्चियों का शौकीन ताऊ! 8 महीनेˈ की भतीजी पर डोल गया दिल, बनाया हवस का शिकारˌ

    छोटी बच्चियों का शौकीन ताऊ! 8 महीनेˈ की भतीजी पर डोल गया दिल, बनाया हवस का शिकारˌ

    छोटी बच्चियों का शौकीन ताऊ! 8 महीनेˈ की भतीजी पर डोल गया दिल, बनाया हवस का शिकारˌ

    हरियाणा में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. कहानी की शुरुआत होती है एक साधारण परिवार से. इस परिवार में एक पिता, उसकी पत्नी और दो छोटी-छोटी बेटियां थीं. बड़ी बेटी साढ़े तीन साल की थी, छोटी वाली सिर्फ आठ महीने की. पिता मजदूरी करता था और परिवार खुशी-खुशी गुजर-बसर कर रहा था. लेकिन पिता का बड़ा भाई यानी बच्चियों का ताऊ. यह ताऊ शराब का आदी था और अक्सर नशे में धुत रहता. वह बच्चियों को बहला-फुसलाकर अपने पास बुलाता, उन्हें खेलने के बहाने रखता और उनके साथ गलत हरकतें करता.

    एक दिन जब परिवार के लोग काम पर थे ताऊ ने फिर से अपना घिनौना रूप दिखाया. उसने आठ महीने की मासूम बच्ची के साथ बलात्कार किया. जब यह बच्ची सिर्फ साढ़े तीन महीने की थी, तब भी ताऊ ने उसके साथ वैसा ही अपराध किया था और बड़ी बहन के साथ भी वह एक बार ऐसा कर चुका था. लेकिन पहले की घटनाओं में परिवार चुप रहा. लोकलाज के डर से समाज की नजरों से बचने के लिए उन्होंने कुछ नहीं कहा. वे सोचते थे कि अगर बात बाहर आई तो परिवार की इज्जत मिट्टी में मिल जाएगी. लेकिन इस बार हद हो गई. आठ महीने की बच्ची की चीखें सुनकर परिवार के सदस्य दौड़े आए. उन्होंने ताऊ को रंगे हाथों पकड़ लिया.

    अब परिवार ने तुरंत पुलिस को फोन किया. पुलिस मौके पर पहुंची. बच्ची को अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका मेडिकल चेकअप हुआ. डॉक्टरों ने पुष्टि की कि बच्ची के साथ दुष्कर्म हुआ है. परिवार ने मजिस्ट्रेट के सामने अपने बयान दर्ज कराए. पिता ने बताया, ‘मेरी दोनों बच्चियां मासूम हैं. ताऊ अक्सर उन्हें अपने साथ रखता था, लेकिन हम नहीं जानते थे कि वह इतना नीच इंसान है. अब हम उसे सजा दिलवाकर रहेंगे.’ पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की. आरोपी ताऊ को गिरफ्तार कर लिया गया.

  • क्रिकेट में ही नहीं बिजनेस में भीˈ माहिर हैं ये 5 क्रिकेटर इन बड़ी हस्ती का नाम है शामिल

    क्रिकेट में ही नहीं बिजनेस में भीˈ माहिर हैं ये 5 क्रिकेटर इन बड़ी हस्ती का नाम है शामिल

    क्रिकेट में ही नहीं बिजनेस में भीˈ माहिर हैं ये 5 क्रिकेटर इन बड़ी हस्ती का नाम है शामिल

    आज के समय में हर दूसरा आदमी अच्छी लाइफस्टाइल चाहता है और इसके लिए उन्हें दिन-रात कड़ी मेहनत करनी पड़ती है. जहां फिल्म सितारे फिल्मों के अलावा विज्ञापन में नाम कमाते हैं वहीं भारतीय क्रिकेट टीम के कुछ बेहतरीन क्रिकेटर भी इन्हीं राहों पर चल रहे हैं. इन क्रिकेटर्स ने अपना रंग सिर्फ क्रिकेट के मैदान तक ही नहीं जमाया बल्कि इन्होंने अपने शेड्युल से समय निकालकर विज्ञापन पर भी अपना ध्यान लगाते हैं. कुछ क्रिकेटर जिम, स्पोर्ट्स क्लब जैसे कामों में अपना बिजनेस जमाए हैं तो कोई विज्ञापन से ही अपनी आमदनी को बढ़ा रहे हैं. भारत टीम के कप्तान कोहली ने हाल ही में अपना वन8 लॉन्च किया है इस लॉन्चिंग के कुछ दिन पहले ही विराट ने प्यूमा के लिए स्नीकर्स डिजाइन भी किए थे. ऐसे में आपको सिर्फ इनका ही नहीं बल्कि क्रिकेट में ही नहीं बिजनेस में भी माहिर हैं ये 5 क्रिकेटर के बारे में भी बताएंगे.

    क्रिकेट में ही नहीं बिजनेस में भी माहिर हैं ये 5 क्रिकेटर

    विराट कोहली

    अपने लुक और स्टाइल के लिए हमेशा सुर्खियों में रहने वाले भारतीय क्रिकेट के कप्तान विराट कोहली अपनी फिटनेस पर ज्यादा ध्यान देते हैं, इसलिए उन्हें भारत बेस्ट एथलीट माना गया है. इसी को ध्यान में रखकर विराट ने जिम और फिटनेस सेंटर की एक चेन चिलज लॉन्च की है, जिसे विराट कोहली ने फ्रेंचाइज इंडिया की मदद शुरु किया है और स्पोर्ट्स कॉन्वो एक लंदन पर आधारित स्टार्ट अप है जो विराट का दूसरा बिजनेस है. साल 2015 में विराट ITPL में यूएई रॉयल्स टीम के को-ऑनर बने और इसमें उन्होंने पैसा भी लगाया है. विराट ने मात्र 25 साल की की उम्र में ही आईएसएल टीम एफसी गोवा के भी को-ऑनर रह चुके हैं. इन्हें इससे साल में करोड़ो रुपये का मुनाफा होता है. कोहली अपने लुक और स्टाइल की वजह से भी बहुत पॉपुलर हैं. विराट कोहली को एक समय तक पंजाबी खाने का बहुत शौक रहा है और इसी के चलते उन्होंने दिल्ली के आरकेपुरम में ‘नुएवा’ नाम का एक रेस्टोरेंट भी खोला था.

    महेंद्र सिंह धोनी

    भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी भी पॉपुलर बैट्समैन रहे हैं और इनकी कप्तानी को आज भी लोग याद करते हैं. धोनी अभिषेक बच्चन और विता दानी के साथ आईएल के फुटबॉल क्लब चेन्नइयन एफसी के को-ऑनर हैं. धोनी हॉकी इंडिया लीग के क्लब रांची रेंज में भी को-ऑनर हैं. इसके अलावा धोनी स्पोर्ट्स फिट वर्ल्ड प्राइवेट लिमिटेड नाम की एक कंपनी को भी लॉन्च कर चुके हैं. इस कंपनी की पूरे भारत में लगभग 200 से ज्यादा सेंटर्स खोलने की योजना बनाई जा रही है. इसके अलावा धोनी स्पोर्ट्सवियर ब्रांड सेवन के भी पार्टनर हैं.

    सचिन तेंदुलकर

    मास्टर ब्लास्टर सचिन ने भले ही क्रिकेट से रिटायरमेंट ली हो लेकिन क्रिकेट की दुनिया में उनका चेहरा बड़े चेहरों में से एक है. इसी वजह से कई ब्रांड्स और कंपनी ने उन्हें अपने साथ जोड़ा है इसके अलाव सचिन ने साल 2015 में ऑनलाइन ट्रेवेल एजेंसी मुसाफिर.कॉम में भी इनवेस्ट किया था. सचिन की स्पोर्ट्स सेमुलेशन कंपनी में भी पार्टनरशिपिंग है. सचन मुंबई में तेंदुलकर्स और बैंगलुरू में सचिन्स नाम के रेस्टोरेंट भी चलाते हैं.

    युवराज सिंह

    भारतीय क्रिकेट टीम के बेहतरीन बल्लेबाज युवराज सिंह भले ही इस समय टीम से बाहर हो लेकिन वो कई एनजीओ और अपने बिजनेस में बहुत बिजी रहते हैं. कैंसर की बीमारी से ठीक होने के बाद युवराज ने यूवीकैन नाम के एक संस्था की शुरुआत की थी. जहां कैंसर के प्रति जागरुकता फैलाने का काम किया जाता है. इसके अलावा युवराज ई-कॉमर्स स्टोर के भी हिस्सेदार हैं जो फिटनेस का सामान बनाती और बेचती है.